जाहिदपुर में नगर निगम की टीम ने किया सर्वे
खरखौदा। जाहिदपुर में अवैध प्लास्टिक कबाड़ के गोदाम में आग लग गई थी। जिसमें गोदाम में पड़ा लाखों रुपये का कबाड़ जल गया था। दमकल विभाग ने इस गोदाम पर अवैध रूप से संचालित करने की मुहर लगा दी थी। पांच वर्ष बाद नगर निगम की नींद टूटी। मंगलवार को नगर निगम की टीम ने मौके पर पहुंचकर सर्वे किया तथा सभी गोदामों व झुग्गियों की सूची तैयार की।
करीब पांच वर्ष पहले गांव जाहिदपुर में कृषि भूमि पर मेरठ के नईम ने प्लास्टिक कबाड़ का गोदाम बना दिया था। कुछ समय में ही आसपास के किसानों ने भी अपनी कृषि भूमि को लीज पर दे दिया तथा उन सभी ने करीब दर्जनभर प्लास्टिक व गत्ते के कबाड़ के गोदाम बना दिए। मेरठ में प्लास्टिक कबाड़ के गोदाम बनाने पर पाबंदी लगी तो बडे़-बडे़ व्यापारियों ने मेरठ शहर के बाहर निकलकर जाहिदपुर, हाजीपुर व घोसीपुर में कृषि भूमि किराए पर लेकर उन पर कबाड़ के गोदाम किराये पर ले लिए।
रविवार तड़के जाहिदपुर में गोदाम में आग लग गई थी। दमकल विभाग ने दो घंटे के बाद आग पर काबू पाया था। दमकल विभाग ने अधिकारियों को सौंपी रिपोर्ट में इन गोदामों को अवैध घोषित कर दिया।
बिना अनुमति बन गए गोदाम
कृषि भूमि पर बने यह गोदाम और सैकड़ों झुग्गियां कैसे बन गई। नगर निगम क्षेत्र में भूमि पर निर्माण से पहले अनुमति लेनी होती है। निर्माण के लिए पहले एमडीए से नक्शा पास कराना पड़ता है। लेकिन ये गोदाम बिना एमडीए की अनुमति के ही बन गए। यदि कोई बड़ा हादसा होता तो इसका खामियाजा शासन को भरना पड़ता।
पांच वर्ष बाद नगर निगम की नींद टूटी
पांच वर्षों से ये गोदाम धड़ल्ले से चल रहे हैं। लेकिन नगर निगम व एमडीए को इसकी जानकारी नहीं। एक गोदाम में आग लगी तो मंगलवार को नगर निगम की टीम मौके पर पहुंची। टीम ने यहां किए गए सभी निर्माण का सर्वे कर रिपोर्ट तैयार की है। क्षेत्रीय लेखपाल ने भी मामले की रिपोर्ट तैयार कर एसडीएम को सौंपी है।