15 दिन पूर्व गंगानगर में भाई के घर आया था, तभी से लापता था, परिजनों ने दर्ज कराई थी गुमशुदगी
क्रिकेट बॉल तलाशते हुए जंगल में पहुंचे बच्चों को दिखा शव
अविवाहित था युवक, स्पोर्ट्स फैक्टरी में करता था काम
- फोटो भी
संवाद न्यूज एजेंसी
गंगानगर। डी ब्लॉक गंगानगर से 15 दिन पूर्व लापता हुए 22 वर्षीय मोनू का शव उसके भाई के घर के सामने बाग की झाड़ियों में पड़ा मिला। क्रिकेट खेल रहे बच्चों की बॉल झा़ड़ियों में पहुंची तो शव की जानकारी हुई। बहन ने अपने भाई के शव की पहचान की। पुलिस ने शव को पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया है लेकिन परिजनों की तहरीर नहीं मिली है।
गंगानगर डी ब्लॉक में भगवानदास अपनी पत्नी नीतू और तीन बच्चों के साथ रहते हैं। उनका छोटा भाई 22 वर्षीय मोनू मेडिकल क्षेत्र में रहता था और एक स्पोर्ट्स कंपनी में ग्लव्ज बनाने का काम करता था। वह गंगानगर में अपने भाई के यहां आता-जाता था। परिजनों के मुताबिक करीब 15 दिन पहले वह भाई के यहां मिलने आया था, लेकिन उसके बाद से लापता था। दो दिन बाद परिजनों ने गंगानगर थाने में गुमशुदगी दर्ज कराई थी।
रविवार की शाम गंगानगर में मोनू के बड़े भाई के घर के सामने लालपार्क कॉलोनी में एक आम के बाग में मोनू का शव पड़ा मिला। पास में किक्रेट खेल रहे बच्चों की गेंद बाग में गई तो तलाशते हुए बच्चे वहां पहुंचे तो उन्हें शव दिखाई दिया। बच्चों के बताने पर वहां भीड़ जमा हो गई। लोगों की सूचना पर पुलिस मौके पर पहुंची।
भाभी ने किया इन्कार, बहन ने पहचाना शव
इंस्पेक्टर अनूप सिंह के मुताबिक भगवानदास की पत्नी नीतू और उसके बच्चों को बुलाकर पहचान कराई गई तो उन्होंने शव मोनू का होने से इन्कार कर दिया लेकिन वहीं रहने वाली बहन ने मोनू की पहचान की। इस मामले में अभी परिजनों ने गंगानगर थाने में तहरीर नहीं दी है। इस मामले में सीओ सदर देहात शिव प्रताप सिंह ने बताया कि शव का पोस्टमार्टम कराया गया है। परिजनों से पूछताछ की गई है। तहरीर मिलने पर कार्रवाई की जाएगी।
बहन बोली- भाभी से हुआ था विवाद, तभी से लापता था मोनू
भगवानदास का परिवार इस मकान में पांच सालों से रह रहा है। इसी मकान में मोनू की बड़ी बहन भी अपने परिवार के साथ रहती है। बहन के मुताबिक मोनू अविवाहित था। वह अपने बड़े भाई के यहां आता-जाता रहता था। दो सप्ताह पूर्व वह मिलने आया था। मोनू और भाभी नीतू में किसी बात को लेकर विवाद हुआ। चिल्लाने की आवाज बाहर तक आ रही थी। उसके बाद मोनू लापता हो गया। परिजनों का आरोप है कि शव मिलने के बाद जब नीतू को शव दिखाया गया तो उसके बाद से वह घर से लापता है। परिजनों के अनुसार भगवानदास मजदूरी करता है उसके तीन बच्चे हैं और पांच बहनें हैं।