रात में भी नहीं मिल रही राहत
दिनभर की गर्मी के बाद रात में भी लोगों को राहत नहीं मिल पा रही है। तापमान अपेक्षाकृत अधिक रहने और हवा में नमी बढ़ने के कारण चिपचिपी गर्मी बनी हुई है। पंखे और कूलर भी पर्याप्त राहत देने में असफल साबित हो रहे हैं। लगातार बनी हुई गर्मी का असर लोगों की दिनचर्या और नींद पर भी पड़ रहा है।
उमस ने बढ़ाई परेशानी
मौसम विशेषज्ञों का कहना है कि हवा में नमी बढ़ने के कारण वास्तविक तापमान से अधिक गर्मी महसूस हो रही है। यही वजह है कि लोगों को उमस ज्यादा परेशान कर रही है। आसमान में कहीं-कहीं हल्के बादल दिखाई दे रहे हैं, लेकिन व्यापक और प्रभावी बारिश की संभावना अभी कम बनी हुई है।
पशु-पक्षियों पर भी दिख रहा असर
भीषण गर्मी का असर केवल लोगों पर ही नहीं, बल्कि पशु-पक्षियों पर भी साफ दिखाई दे रहा है। दोपहर के समय पशु छायादार स्थानों की तलाश में रहते हैं, जबकि पक्षी जल स्रोतों और पेड़ों की शरण लेते नजर आ रहे हैं। ग्रामीण क्षेत्रों में भी किसान अच्छी बारिश का इंतजार कर रहे हैं ताकि खेती-किसानी के कार्य गति पकड़ सकें।
मौसम में बदलाव के संकेत
मौसम विभाग के अनुसार आने वाले दिनों में मौसम के मिजाज में कुछ बदलाव देखने को मिल सकता है। हालांकि व्यापक राहत के लिए अच्छी बारिश जरूरी होगी। बारिश होने के बाद ही तापमान में गिरावट आएगी और लोगों को उमस तथा गर्मी से राहत मिलने की संभावना बनेगी।
मानसून पर टिकी हैं निगाहें
फिलहाल पश्चिमी उत्तर प्रदेश के लोगों की निगाहें मानसून पर टिकी हैं। जब तक अच्छी बारिश नहीं होती, तब तक गर्मी और उमस का दोहरा प्रकोप लोगों को परेशान करता रहेगा।