मेरठ में शुक्रवार सुबह एयर क्वालिटी इंडेक्स 333 दर्ज किया गया, जो ‘खतरनाक’ श्रेणी में है। सर्दी, नमी और स्मॉग के कारण प्रदूषण कम नहीं हो रहा है। एनसीआर में 15 दिनों से हवा की गुणवत्ता लगातार बिगड़ती जा रही है।
शहर में बढ़ती स्मॉग की चादर और गिरते तापमान के बीच मेरठ की हवा बेहद खराब होती जा रही है। शुक्रवार सुबह दिन निकलते ही एयर क्वालिटी इंडेक्स 333 दर्ज किया गया, जो 'लाल' श्रेणी में आता है और खतरनाक स्थिति मानी जाती है। दोपहर तक भी पॉल्यूशन का लेवल नीचे नहीं आया।
विज्ञापन
एनसीआर में पॉल्यूशन का दबाव
पिछले लगभग 15 दिनों से एनसीआर क्षेत्र में हवा की गुणवत्ता लगातार बिगड़ रही है, जिसका असर मेरठ सहित आसपास के जिलों पर पड़ रहा है। गंदगी से भरी हवा के कारण लोगों को सांस लेने में दिक्कत हो रही है, जबकि प्रदूषण रोकने के इंतजाम भी प्रभावी नहीं दिख रहे हैं।
सर्दी और नमी ने बढ़ाई परेशानी
शुक्रवार को दिनभर सर्द हवाएं चलती रहीं और मौसम में नमी बनी रही, जिससे ठंड का अहसास और अधिक बढ़ गया।
सरदार वल्लभभाई पटेल कृषि एवं प्रौद्योगिकी विश्वविद्यालय के मौसम वैज्ञानिक डॉ. यूपी शाही के अनुसार रात का तापमान लगातार सामान्य से नीचे जा रहा है। आने वाले दिनों में सर्द मौसम और ज्यादा बढ़ेगा।
वायु गुणवत्ता सूचकांक का मानक
0–50: अच्छा
51–100: मध्यम
101–150: संवेदनशील समूह के लिए अस्वस्थ
151–200: अस्वस्थ
200–300: बहुत खराब
301–400: खतरनाक
401–500: बेहद खतरनाक, बाहरी गतिविधियों से बचना जरूरी