कोरोना से बचाव के लिए टीकाकरण का दूसरा चरण आज से शुरू हो रहा है। इस बार 17 स्थानों पर 33 सत्र होंगे। इसमें 3,300 स्वास्थ्यकर्मियों को टीका लगाने की तैयारी है। बृहस्पतिवार को इस चरण के लाभार्थियों को मेसेज भेज दिए गए हैं। साथ ही शहर और देहात के सभी केंद्रों पर सुरक्षा के साथ वैक्सीन भी पहुंचा दी गई है। यह सत्र पूरा होने के बाद लाभार्थियों को 28 दिन बाद दूसरी डोज लगाई जाएगी।
जिला प्रतिरक्षण अधिकारी डॉ. प्रवीण गौतम ने बताया टीकाकरण के लिए 33 टीमों का गठन कर दिया गया है। एक टीम में छह लोग हैं। पर्यवेक्षण के लिए 17 नोडल अधिकारियों डयूटी समेत सभी तैयारी पूरी की जा चुकी हैं। 11 कोल्ड चेन का उपयोग किया जाएगा। पिछली बार आई वैक्सीन भी अभी बची है। वैक्सीन की नई खेप भी आ गई है।
स्थान सत्र
मेडिकल कॉलेज 5
आनंद अस्पताल 2
सुभारती अस्पताल 5
डफरिन अस्पताल 2
जिला अस्पताल 1
एएनएमटीसी 2
एनसीआर अस्पताल 3
कैंट स्वास्थ्य केंद्र 2
जाकिर कॉलोनी स्वास्थ्य केंद्र 1
मवाना स्वास्थ्य केंद्र 1
शास्त्री नर्सिंग होम, मवाना 1
सरधना स्वास्थ्य केंद्र 2
भावनपुर स्वास्थ्य केंद्र 2
आईआईएमटी 1
रजपुरा स्वास्थ्य केंद्र 1
किला परीक्षितगढ़ 1
खरखौदा स्वास्थ्य केंद्र 1
लाभार्थी नहीं पहुंचे, नष्ट करनी पड़ीं 28 डोज
पहले चरण में लाभार्थियों के न पहुंचने के कारण जिले में वैक्सीन की 28 डोज नष्ट करनी पड़ीं। वैक्सीन का एक वायल पांच एमएल का होता है। इसमें से 0.5 एमएल की एक डोज लगती है। एक बार खुलने के बाद अगर उसमें डोज बच जाती है तो 4 घंटे बाद उसे नष्ट करना पड़ता है। अगर 10 लाभार्थियों को टीकाकरण के लिए आना है तो एक वायल खोली जाएगी। अगर इनमें से पांच ही आते हैं तो बाकी के पांच डोज चार घंटे बाद नष्ट करनी पड़ेंगी।
पहले चरण में सबसे ज्यादा सात डोज सरधना स्वास्थ्य केंद्र पर नष्ट की गईं, जबकि मेडिकल कॉलेज में एक भी डोज बेकार नहीं हुई। दूसरी ओर जिला अस्पताल और संतोष अस्पताल में पांच-पांच और मवाना स्वास्थ्य केंद्रऔर डफरिन अस्पताल में चार-चार डोज नष्ट की गईं।