आधी रात को बिजलीघर पर हंगामा करते लोगों को हटाती पुलिस।
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माधवपुरम-2 बिजलीघर की ओवरलोडिंग कम करने के लिए बुधवार को लगाया गया नया आठ एमवीए का ट्रांसफार्मर टेस्टिंग में फेल हो गया। इसके बाद विद्युत विभाग ने रातोंरात उसे हटाकर दोबारा पुराना पांच एमवीए का ट्रांसफार्मर लगाने का निर्णय लिया। इस पूरी प्रक्रिया के दौरान क्षेत्र के लोगों को बुधवार दोपहर साढ़े 12 बजे से आधी रात तक बिजली कटौती झेलनी पड़ी।
विद्युत विभाग ने माधवपुरम-2 बिजलीघर से जुड़े ब्रह्मपुरी, तारापुरी और आसपास के क्षेत्रों को ओवरलोडिंग से राहत दिलाने के लिए पांच एमवीए की जगह आठ एमवीए क्षमता का नया ट्रांसफार्मर लगाने की योजना बनाई थी। इसके लिए नया ट्रांसफार्मर लखनऊ से मंगवाया गया और स्थापना कार्य के लिए 11 घंटे का शटडाउन लिया गया।
बारिश के कारण निर्धारित समय से देरी हुई और बुधवार दोपहर करीब साढ़े 12 बजे बिजली आपूर्ति बंद कर ट्रांसफार्मर बदलने का कार्य शुरू हुआ। शाम करीब सात बजे नया ट्रांसफार्मर स्थापित कर दिया गया, जिसके बाद उसका नो-लोड टेस्ट शुरू किया गया। विद्युत विभाग ने कार्य पूरा होने के बाद रात करीब साढ़े 11 बजे बिजली आपूर्ति बहाल करने की संभावना जताई थी, लेकिन परीक्षण के दौरान नया ट्रांसफार्मर निर्धारित तकनीकी पैरामीटर पूरे नहीं कर सका और फेल हो गया। इसके बाद विभागीय अधिकारियों की चिंता बढ़ गई।
रात में ही मुख्य अभियंता मेरठ प्रथम रजनीकांत मिश्र समेत अन्य अधिकारी मौके पर पहुंचे। उपभोक्ताओं की परेशानी को देखते हुए तत्काल नया ट्रांसफार्मर हटाकर फिर से पुराना पांच एमवीए का ट्रांसफार्मर लगाने का निर्णय लिया गया। आधी रात के बाद तक पुराना ट्रांसफार्मर लगाने का कार्य चलता रहा। मुख्य अभियंता रजनीकांत मिश्र ने बताया कि करीब दो घंटे में पुराना ट्रांसफार्मर दोबारा स्थापित कर बिजली आपूर्ति शुरू करा दी जाएगी।
इससे पहले अधिशासी अभियंता (साउथ) धर्मवीर सिंह की निगरानी में शाम तक पांच एमवीए की जगह आठ एमवीए का नया ट्रांसफार्मर स्थापित किया गया। इसके बाद ट्रांसफार्मर का नो-लोड परीक्षण किया गया लेकिन वह फेल हो गया।
मुख्य अभियंता रजनीकांत मिश्र ने बताया कि नया ट्रांसफार्मर लगने से ब्रह्मपुरी क्षेत्र समेत आसपास की कई कॉलोनियों में ओवरलोडिंग की समस्या समाप्त हो जाती।
पेयजल संकट न हो, इसलिए नलकूपों पर लगाए गए जनरेटर
जिलाधिकारी डॉ. वीके सिंह के निर्देश पर नगर निगम ने पेयजल आपूर्ति बनाए रखने के लिए प्रभावित क्षेत्र के नलकूपों पर जनरेटर लगवाए। नगर आयुक्त सौरभ गंगवार के निर्देश पर टैंकरों से भी पानी की आपूर्ति कराई गई, जिससे लोगों को कुछ राहत मिली।
बिजली गुल होने पर पार्कों में बैठे लोग
माधवपुरम-1 और 2 बिजलीघरों से जुड़े ब्रह्मपुरी, गणेशपुरी, सरस्वती लोक, खुशहाल नगर समेत कई इलाकों में दोपहर से आधी रात तक बिजली नहीं रही। लंबे बिजली कटौती के कारण इन्वर्टर भी जवाब दे गए। गर्मी से परेशान लोग कॉलोनियों के पार्कों में खाट डालकर समय बिताते नजर आए।
छठे दिन भी नहीं खत्म हुआ बिजली संकट
शारदा रोड, शिवशंकर पुरी, पूर्वी एवं पश्चिमी ब्रह्मपुरी, गौरीपुरा, गणेशपुरी, गौतमनगर, खत्ता रोड, मास्टर कॉलोनी, इंदिरा नगर, बिशन चौक, शिवशक्ति नगर, पजाया, वीर नगर, माधवपुरम और सरस्वती लोक समेत कई क्षेत्रों में छठे दिन भी बिजली संकट बना रहा। राकेश गौड़ ने बताया कि विभाग ने ब्रह्मपुरी क्षेत्र में पांच नए ट्रांसफार्मर लगाकर ओवरलोडिंग दूर करने का आश्वासन दिया था, लेकिन बुधवार को भी शास्त्री की कोठी पर नया ट्रांसफार्मर लगाने का कार्य शुरू नहीं हुआ। इसकी शिकायत मुख्य अभियंता से की गई है। मंगलवार को बिशन चौक पर ट्रांसफार्मर लगाने के लिए गड्ढे खोदे गए थे।
नौचंदी क्षेत्र में आठ घंटे गुल रही बिजली
नौचंदी क्षेत्र में मंगलवार आधी रात से बुधवार सुबह तक करीब आठ घंटे बिजली आपूर्ति बाधित रही। रामबाग समेत कई कॉलोनियों में लोग रातभर बिजली का इंतजार करते रहे और इन्वर्टर भी जवाब दे गए। रामबाग निवासी सलीम, मुस्तकीम और कय्यूम ने बताया कि बिजली कटौती अब रोजमर्रा की समस्या बन गई है। वहीं भाजपा नेता डॉ. गौरव मित्तल ने बताया कि सिविल लाइन बिजलीघर से जुड़े मानसरोवर कॉलोनी और मनोरंजन पार्क क्षेत्र में मंगलवार रात से बुधवार दोपहर तक लगातार ट्रिपिंग होती रही। इसके अलावा मंगल पांडे नगर बिजलीघर से जुड़े औरंगशाहपुर डिग्गी गांव में तार टूटने से करीब एक घंटे तक बिजली आपूर्ति बाधित रही।