करीब 15 साल से थाने के क्वार्टरों में दूध सप्लाई करते आ रहे दूधिया को इंस्पेक्टर ने हवालात में डाल दिया। इसको लेकर थाने में हंगामा हो गया। इंस्पेक्टर का कहना है कि दूधिया दूध में पानी मिलाता था। दूध की गुणवत्ता भी ठीक नहीं है। इंस्पेक्टर ने खाद्य निरीक्षक को थाने बुलाकर दूध का सैंपल भी भरवा दिया। वहीं, चर्चा है कि दूधिया का लेनदेन को लेकर एक पुलिसकर्मी से विवाद हुआ था। सबक सिखाने के लिए यह कार्रवाई की गई।
दूध विक्रेता धर्मपाल प्रजापति निवासी गांव खिर्वा नौवाबाद ने आरोप लगाते हुए बताया कि पिछले 15 साल में कभी किसी पुलिसकर्मी या थाना प्रभारी ने उसके दूध की कोई शिकायत नहीं की। लेकिन मंगलवार को जैसे ही वह दूध लेकर थाने पहुंचा तो इंस्पेक्टर ने उस पर दूध में पानी मिलाने का आरोप लगाकर फटकार दिया। उसके बाद खाद्य निरीक्षक को बुलाकर दूध के सैंपल भरवाए और डांट फटकार कर सीधे हवालात में डाल दिया। मामले की जानकारी पर मीडियाकर्मी थाने पहुंचे तो हंगामा
बढ़ता देख इंस्पेक्टर ने दूधिया को हवालात से निकलवाकर हिदायत देकर छोड़ दिया।
मुझे हवालात में क्यों डाला
अगर दूध में मिलावट थी तो इंस्पेक्टर सैंपल भरवाते। रिपोर्ट आने पर जो चाहे कार्रवाई करते। इंस्पेक्टर ने दो दिन पूर्व ही थाने का चार्ज संभाला है। ऐसी क्या गलती हुई कि सीधे हवालात में ही डाल दिया। मेरे साथ गलत हुआ है।