अपनी मांगों को लेकर दवा कारोबारी शनिवार को हड़ताल पर रहेंगे। इस बार हड़ताल को ज्यादा व्यापक बनाने की तैयारी है, जिसमें बड़ी संख्या में मेडिकल स्टोर संचालकों के शामिल होंगे। दा कैमिस्ट्स एंड ड्रगिस्ट्स एसोसिएशन के आह्वान पर हड़ताल की जा रही है। शुक्रवार को जिला मेरठ केमिस्ट एंड ड्रगिस्ट्स एसोसिएशन की तरफ से जनसंपर्क अभियान चलाया गया।
एसोसिएशन के अध्यक्ष इंद्रपाल सिंह ने कहा कि सरकार ने कुछ ऐसी व्यवस्था बनाई है, जिसमें बड़ी संख्या में मल्टी नेशनल कंपनियों को फायदा होना है। क्योंकि ड्रग लाइसेंस के लिए फार्मासिस्ट की अनिवार्यता कर दी गई है, जिसके चलते आज की तारीख में अकेले उत्तर प्रदेश के करीब 60 हजार मेडिकल स्टोर बंद हो जाएंगे। क्योंकि इतनी बड़ी संख्या में फार्मासिस्ट नहीं हैं। महामंत्री रजनीश कौशल ने मांग रखी कि लाइसेंस के रिन्युअल व पंजीकरण में बढ़ाई गई फीस को वापस हो।
अवैध लाइसेंस से दवा कारोबार करने वाले व्यापारियों पर कड़ी कार्रवाई की जाए और जीवनरक्षक दवाओं को कर मुक्त किया जाए। इस मौके पर दा केमिस्ट एसोसिएशन के प्रदेश महासचिव गजनफर सिद्दकी, घनश्याम मित्तल और अन्य कारोबारी मौजूद रहे।