दंपति के बीच विवाद का नया मामला सामने आया है। शौहर का दावा है कि विवाद के दौरान उसने बीवी को तलाक दे दिया है, जबकि बीवी का कहना कि उसने तलाक की बात नहीं सुनी। शौहर के अपनी बात पर अडिग रहने पर युवती के परिजन थाने जाने लगे। लेकिन रिश्तेदारों ने उन्हें रोकते हुए पंचायत कर समाधान के लिए चार दिन का वक्त लिया। यदि विवाद नहीं सुलझा तो जरूरी होने पर फतवा भी लिया जाएगा।
मामला नौचंदी थाना क्षेत्र से जुड़ा है। युवती की शादी दो साल पहले लिसाडी गेट थाना क्षेत्र के एक युवक से हुई थी। युवती पक्ष का आरोप है कि सात फरवरी को दामाद ने उसकी बेटी को कहासुनी के बाद घर से निकाल दिया था। घर आकर उसने बताया तो उन्होंने दामाद को फोन कर उसे ले जाने को कहा लेकिन दामाद ने कह दिया कि उसने उसे तलाक दे दिया है।
जबकि उनकी बेटी ने ऐसा होने से इंकार किया। उसका कहना था कि उसने अपने शौहर को तलाक कहते हुए नहीं सुना। परिजनों के समझाने के बाद भी दामाद नहीं माना तो परिजन लिसाडी गेट थाने में रिपोर्ट दर्ज कराने चले गए। इस दौरान दोनों पक्षों के रिश्तेदारों ने पुलिस कार्यवाही के बजाए पंचायत के माध्यम से मामला निपटाने की बात कही। तय हुआ कि यदि लड़का पक्ष नहीं मानेगा तो लड़की पक्ष कार्रवाई को स्वतंत्र होगा। जरूरी हुआ तो देवबंद से फतवा भी मंगाया जाएगा।