बीमारी के चलते पूर्व प्राचार्य रामपाल सिंह ढाका का अस्पताल में निधन हो गया। उनके निधन से परिवार के लोग शोक में डूब गए। अंतिम संस्कार बुधवार शाम को सूरजकुंड पर किया गया। परिवार समेत शिक्षक अंतिम यात्रा में शामिल हुए।
किसान पीजी कॉलेज सिंभावली हापुड़ में 22 साल तक प्राचार्य रहे डॉ. रामपाल सिंह ढाका
मेरठ में रुड़की रोड इंद्रप्रस्थ स्टेट फेस-2 में अपने बेटे सरदार वल्लभभाई पटेल कृषि एवं प्रौद्योगिक विश्वविद्यालय के डीन कॉलेज ऑफ पोस्ट हार्वेस्ट डॉ पुष्पेंद्र ढाका के साथ रहते थे। रामपाल सिंह ढाका पिछले 15 दिन से बीमार थे और मेरठ स्थित होप हॉस्पिटल में भर्ती थे। बुधवार दोपहर में एक बजे उन्होंने अंतिम सांस ली। उनका पार्थिव शरीर इंद्रप्रस्थ स्टेट कॉलोनी में घर पर लाया गया। जहां से शाम में उनका अंतिम संस्कार सूरजकुंड पर किया गया। मुखाग्नि सबसे बड़े बेटे इफको कंपनी में एरिया मैनेजर अरविंद कुमार ने दी। वे मुजफ्फरनगर में तैनात हैं।
यह भी पढ़ें: Meerut News Live: छाया रहा घना कोहरा, सर्दी से नहीं राहत, दिल्ली रोड पर सड़क धंसने से मचा हड़कंप
कृषि विश्वविद्यालय में डीन डॉ. पुष्पेंद्र कुमार ढाका ने बताया कि रिटायरमेंट के बाद भी वह समाजसेवा के काम में लगे हुए थे। वे ऐसे कामों में बढ़-चढ़कर हिस्सा लेते थे। वह बायो टेक्नोलॉजी के क्षेत्र में भी काम कर रहे थे। वह अपने पीछे बेटे अरविंद कुमार, पुष्पेंद्र कुमार, नवनीत कुमार, विनीत कुमार व बेटी अंशु ढाका को छोड़ कर गए हैं। बेटी डीएन कॉलेज में प्रोफेसर हैं। उनकी अंतिम यात्रा में कृषि विश्वविद्यालय के रजिस्ट्रार डॉ. बीआर सिंह, डीन डॉ. रविंद्र कुमार, डॉ. विजेंद्र सिंह, डॉक्टर विवेक धाम, डॉक्टर पीके सिंह, पीआरो रितुल सिंह समेत अन्य लोग पहुंच गए।
यह भी पढ़ें: Saharanpur News: पैसा हड़पने के मामले में खनन माफिया हाजी इकबाल की संपत्ति कुर्क, भारी पुलिस बल रहा मौजूद