मेरठ में सरधना के मोहल्ला गढ़ी खटीकान में 18 अप्रैल 2022 को बहनोई जैकी उर्फ पटवारी की हत्या के केस में दोषी दो भाई अंशु और सागर को आजीवन कारावास की सजा सुनाई है। जैकी की गोली मारकर और चाकू से गोदकर हत्या की गई थी। बहन के कोर्ट मैरिज करने से नाराज होकर दोनों ने इस वारदात को अंजाम दिया था।
जुलाई माह में दोनों भाई जमानत पर जेल से बाहर आए थे। बृहस्पतिवार को एडीजे दस अभय प्रताप सिंह की अदालत ने दोषी करार देते हुए दोनों को न्यायिक हिरासत में जेल भेज दिया था। जैकी संगीत सोम सेना के प्रदेशाध्यक्ष सचिन खटीक का ममेरा भाई था।
मोहल्ला गढ़ी खटीकान निवासी जैकी और आंचल का काफी समय से प्रेमप्रसंग चल रहा था। दोनों ने 12 दिसंबर 2021 को कोर्ट में चोरी-छिपे शादी कर ली थी। इसके बाद दोनों अपने घरों में रह रहे थे। अप्रैल 2022 के पहले सप्ताह में आंचल के परिजनों को कोर्ट मैरिज के बारे में पता चल गया था। इसके बाद दोनों परिवारों में तनातनी शुरू हो गई थी। 10 अप्रैल को आंचल अपना घर छोड़कर जैकी के घर में जाकर रहने लगी। इसके बाद तनाव और बढ़ा। लोगों में इस पर चर्चा होने लगी।
18 अप्रैल की सुबह 7:30 बजे आंचल का भाई अंशु अपने घर के पास खड़ा हुआ था, तभी जैकी बाइक से वहां पहुंचा था। दोनों के बीच कहासुनी हुई। इसके बाद अंशु गुस्से में घर पहुंचा और अपने भाई सागर को साथ लेकर एक युवक से तीन हजार में तमंचा खरीदा। इसके दोनों भाई घर से चाकू और खरीदा हुआ तमंचा लेकर जैकी के घर पहुंच गए। दोनों ने पहले जैकी को पीटना शुरू कर दिया, फिर अंशु ने गोली मार दी।
इसके बाद दोनों भाइयों ने जैकी को चाकू से गोदकर मार डाला था। जैकी पर हमला करते देखकर आंचल और उसकी ननद ज्योति उसे बचाने आई तो अंशु और सागर ने दोनों पर हमला कर दिया। इसके बाद दोनों आरोपी भाग गए थे। जैकी की मां ऊषा ने हत्या की रिपोर्ट दर्ज कराई थी।
26 अप्रैल 2022 को पुलिस ने अंशु और सागर को गिरफ्तार कर लिया था। गवाहों के बयान और साक्ष्य के आधार पर कोर्ट ने दोनों को दोषी मानते हुए सजा पर फैसला सुरक्षित रख लिया था। मंगलवार को कोर्ट ने दोनों को सजा सुनाई।
दो भाइयों पर जानलेवा हमले के छह दोषियों को पांच वर्ष का कारावास
जानी थाना क्षेत्र के डालमपुर गांव में 14 साल पहले दो भाइयों पर जानलेवा हमले में दोषी छह लोगों को कोर्ट ने 5-5 वर्ष के कारवास की सजा सुनाई है। अपर जिला जज-20 सुधाकर दुबे की कोर्ट ने सभी पर 19-19 हजार रुपये का अर्थदंड भी लगाया है। सोनू उर्फ सोमपाल रिपोर्ट दर्ज कराई थी कि 11 अक्तूबर 2011 को उसके भाई अंकुर और कपिल ट्रैक्टर-ट्रॉली में खेत से मिट्टी लेने गए थे।
आरोप है कि नीरज व उसके भाई सनोज, मनोज ने अपने साथी नीटू, रामवीर और देवेंद्र के साथ मिलकर लाठी-डंडों व धारदार हथियार से अंकुर व कपिल पर जानलेवा हमला कर दिया था। इसमें अंकुर गंभीर रुप से घायल हो गया था। उसे अस्पताल में भर्ती कराया गया था। कोर्ट ने गवाहों के बयान और साक्ष्यों के आधार पर आरोपियों को दोषी करार देते हुए सजा सुनाई।