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Meerut: ईदगाह में एक ही बार होगी ईद की नमाज, जानें क्या रहेगा वक्त, फैज-ए-आम को लेकर ये की अपील

Sun, 01 Jun 2025 12:25 PM IST
मोहम्मद मुस्तकीम अमर उजाला नेटवर्क, मेरठ

सार

शाही ईदगाह में इस बार भी देवबंद के किसी आलिम से ईद की नमाज पढ़वाई जाएगी। ईदगाह में केवल एक बार ही ईद की नमाज होगी। वहीं फैज ए आम में नमाज का वक्त ईदगाह की नमाज के बाद का तय करने की अपील की गई है। 
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ईद, सांकेतिक तस्वीर।
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विस्तार
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शाही ईदगाह कमेटी की बैठक में फैसला लिया गया कि ईदगाह में ईद की नमाज एक ही बार होगी। दरअसल, नमाजियों की संख्या ज्यादा होने के कारण कुछ लोगों ने कमेटी के सामने शाही ईदगाह में दो बार नमाज का प्रस्ताव रखा था। नमाज का वक्त सुबह सात बजे तय किया गया है।
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ईदगाह कमेटी के सचिव सय्यद सलमान सब्जवारी ने बताया कि शाही ईदगाह परिसर में दो दिन तक इस पर मंथन किया गया। फैसले की इत्तेला शहर काजी डॉ. सालिकीन सिद्दीकी को दे दी गई है। इस बार भी ईद की नमाज देवबंद के किसी आलिम-ए-दीन से ही पढ़वाने का फैसला लिया गया है।
 

उन्होंने बताया कि शहर में नमाजियों की बढ़ती संख्या और शाही ईदगाह परिसर में सीमित स्थान को मद्देनजर रखते हुए कमेटी के सामने यह प्रस्ताव आया था कि शाही ईदगाह में ईद-उल-अजहा की नमाज दो बार अलग-अलग समय पर अदा कराई जाए, ताकि ज्यादा से ज्यादा लोग ईदगाह में नमाज अदा कर सकें। 
 

मंथन के बाद तय किया गया कि समय और संसाधनों की कमी के चलते इस निर्णय को इस बार लागू नहीं किया जाएगा। शाही ईदगाह में ईद-उल-अजहा पर दो बार नमाज अदा कराने के प्रस्ताव को फिलहाल स्थगित कर दिया गया है। हालांकि तय किया गया कि अगली ईद-उल-फितर से पहले इस विषय पर विस्तार से चर्चा कर अंतिम निर्णय लिया जाएगा। बैठक में यह भी तय किया गया कि शाही ईदगाह की 900 साल पुरानी परंपरा के अनुसार इस बार भी ईद की नमाज किसी बड़े आलिम ए दीन से ही अदा करवाई जाएगी।
 

बैठक में रऊफ उल हसन अंसारी, अलाउद्दीन सिद्दीकी, कारी शफीकुर्रहमान कासमी, फैज अहमद, अंजुम जमाल, डॉ. माजिद, तंसीर अहमद, सरफराज अहमद, नौशाद अहमद, सगीर अजमल, यासीन अब्बासी, मोइनुद्दीन और काजी रियाज आदि मौजूद रहे।
 
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ईदगाह के बाहर नमाज ना अदा करें
ईदगाह कमेटी ने शहर की सभी बड़ी मस्जिदों के प्रबंधकों और खासकर फैज-ए-आम मस्जिद की प्रबंध समिति से अपील की है कि वह अपने यहां ईद की नमाज का समय ईदगाह की नमाज के बाद ही रखें, ताकि अगर कोई व्यक्ति ईदगाह की नमाज में शामिल न हो सके तो वह सड़कों पर नमाज पढ़ने के बजाए आसानी से फैज-ए-आम की मस्जिद में ईद की नमाज अदा कर सके। ईदगाह मैनेजमेंट कमेटी ने मुसलमानों से अपील की है कि वो ईदगाह के बाहर नमाज ना अदा करें।
 
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