एल ब्लाॅक शास्त्रीनगर में डाॅ. कपिल कुमार गुप्ता का मकान है। मकान के बाहर उनके क्लीनिक का बोर्ड भी लगा हुआ है। आसपास के लोगों का आरोप है कि पिछले कुछ दिनों से मकान में गलत गतिविधियां चल रही थीं। शनिवार दोपहर करीब बारह बजे मकान में तीन युवक और तीन युवती पहुंचे। जिसके बाद काॅलोनी के लोग वहां एकत्र हो गए और घेराबंदी कर दी।
लोगों की भीड़ ने बंधक बनाकर डॉक्टर दंपती की पिटाई कर दी थी। पुलिस ने मौके पर पहुंचकर सभी को हिरासत में ले लिया था। पुलिस के सामने ही पकड़े गए युवक-युवती की भी लोगों ने पिटाई कर दी थी। पुलिस ने मुश्किल से आक्रोशित लोगों को शांत कराया था।
एसपी सिटी आयुष विक्रम सिंह ने बताया कि डाॅक्टर दंपती के साथ मिलकर मोईन और दीपक रैकेट चलाते थे। लंबे समय से यह काम कर रहे थे। तीन युवक और तीन युवती हिरासत में लिए थे उनको परिजनों की सुपुर्दगी में दे दिया गया है। तीन में दो युवती मेरठ और एक गाजियाबाद की रहने वाली है। एसपी सिटी ने बताया कि अनैतिक देह व्यापार अधिनियम की धाराओं में प्राथमिकी दर्ज कर कपिल, हेमलता, मोईन और दीपक को गिरफ्तार किया गया है।
डाॅ. कपिल के खिलाफ दर्ज मानव तस्करी का मुकदमा
डाॅ. कपिल कुमार गुप्ता के खिलाफ 2014 में सिविल लाइन थाने में मानव तस्करी कर यौन शोषण का मुकदमा दर्ज हुआ था। आरोप है कि डॉ. कपिल ने अपनी पत्नी हेमलता के साथ मिलकर पश्चिम बंगाल निवासी महिला को बंधक बनाकर उसका यौन शोषण किया था।
उस समय बाहर के युवकों को बुलाकर महिला से जबरन देह व्यापार डाक्टर कराता था। इसकी शिकायत मिलने पर सिविल लाइन थाने की तत्कालीन दरोगा नीलू सक्सेना ने अपनी टीम के साथ मौके पर पहुंचकर छापा मारा था। जहां से महिला को बंधनमुक्त कराकर डॉक्टर के खिलाफ मुकदमा दर्ज किया था।
महिला को उसके परिजनों की सुपुर्दगी में पुलिस ने दे दिया था। एसपी सिटी ने बताया कि डॉ. गुप्ता पर और क्या-क्या मुकदमे दर्ज हैंं इसकी जांच की जा रही है। डॉ. कपिल ने अपने घर के बाहर लगे बोर्ड बीईएमएस (लखनऊ) लिख रखा है।