एमबीबीएस इंटर्न की मौत से साथी छात्रों में गम और गुस्सा है। रविवार को लाला लाजपत राय स्मारक मेडिकल कॉलेज के करीब 600 एमबीबीएस छात्रों ने कॉलेज से तेजगढ़ी तक प्रदर्शन किया। मानव शृंखला बनाकर जूनियर डॉक्टरों और आरोपी डॉक्टर के खिलाफ कार्रवाई की मांग की। शाम के समय मेडिकल की इमरजेंसी में कैंडल जलाकर साथी को श्रद्धांजलि दी। उधर जूनियर और सीनियर डॉक्टर मारपीट के मामले में एमबीबीएस छात्रों के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज कराने की मांग कर रहे हैं। वह ईएमओ डॉ. सचिन कुमार पर कार्रवाई की मांग कर रहे हैं। कॉलेज में एस्मा में कार्रवाई हो सकती है।
एमबीबीएस इंटर्न संजीत कुमार को पेट में दर्द होने के बाद साथी उन्हें डॉक्टरों के पास ले गए थे। लेकिन समय से उपचार न होने के कारण उनकी मौत हो गई थी। गुस्साए छात्रों का जूनियर डॉक्टरों से झगड़ा हुआ था। मारपीट और तोड़फोड़ भी हुई। मामले में डॉ. तुंगवीर सिंह आर्य ने इस्तीफा दे दिया है। एमबीबीएस छात्र संजीत की मौत हत्या बताकर कॉलेज प्रशासन से कार्रवाई की मांग कर रहे हैं। वह एफआईआर दर्ज कराने और जूनियर डॉक्टर्स पर कार्रवाई की मांग कर रहे हैं।
रविवार सुबह छात्रों ने प्रिंसिपल का घेराव किया। प्रतिनिधिमंडल ने ज्ञापन प्रिंसिपल को सौंपा। जिसमें जूनियर डॉक्टरों पर कार्रवाई करने, ड्यूटी के दौरान सभी जेआर मौजूद रहने, रेजीडेंट डॉक्टर्स एसोसिएशन में एमबीबीएस के छात्रों को भी शामिल करने और चुनाव लिंगदोह समिति की सिफारिश पर कराने की मांग की। शाम को करीब 600 छात्रों ने हाथ में मोमबत्ती लेकर मेडिकल कॉलेज से तेजगढ़ी चौराहे तक मार्च निकाला। जूनियर और सीनियर डॉक्टर ईएमओ डॉ. सचिन कुमार के खिलाफ कार्रवाई करने और ट्रांसफर करने की मांग कर रहे हैं। शाम को वह भी श्रद्धांजलि के कार्यक्रम में शामिल हुए।
काली पट्टी बांधकर हो रहा काम
जूनियर रेजीडेंट मारपीट के मामले में छात्रों पर कार्रवाई की मांग कर रहे हैं। मेडिकल थाने में उन्होंने तहरीर दे रखी है। कुछ डॉक्टर काली पट्टी बांधकर काम कर रहे हैं। उधर, एमबीबीएस छात्र और इंटर्न भी विरोध में काली पट्टी बांधकर काम कर रहे हैं। दोनों पक्षों का विरोध जारी है। सोमवार को भी प्रदर्शन होने और अधिकारियों से मिलने की योजना है।
कॉलेज प्रशासन ने कार्रवाई को कसी कमर
कॉलेज प्रशासन ने दोनों पक्षों की बात कराने की कोशिश की, लेकिन एमबीबीएस छात्र बात करने को राजी नहीं हैं। प्रिंसिपल डॉ. केके गुप्ता ने रविवार को सभी विभागाध्यक्षों के साथ बैठक की। शासन और डीएम को मामले से अवगत करा दिया गया है। तीन विभागों को छोड़कर बाकी के जूनियर और सीनियर डॉक्टर काम नहीं कर रहे। विभागाध्यक्षों को एस्मा को कार्रवाई करने के लिए फार्म भेज दिया है। सोमवार को अगर डॉक्टर काम पर नहीं लौटते तो कॉलेज प्रशासन एस्मा के तहत कार्रवाई कर सकता है। एस्मा में गिरफ्तारी होने के अलावा जमानत नहीं है। सोमवार को डॉक्टर्स की अटेंडेंस में जो गैर हाजिर मिलेंगे उन पर कार्रवाई की तैयारी है।