घटना सोमवार देर रात की है, जब पुष्पेंद्र के साथ 20 हजार रुपये की नकदी लूट ली गई थी। उसने इसकी सूचना थाना पुलिस को दी। लेकिन कार्रवाई करने के बजाय मौके पर पहुंची पुलिस ने उसके साथ ही मारपीट कर दी और बदसलूकी करते हुए उसका मोबाइल फोन तक कब्जे में ले लिया।
पुलिस के इस व्यवहार से आहत पुष्पेंद्र ने अगले दिन जहरीला पदार्थ खाकर आत्महत्या का प्रयास किया। उसकी हालत नाजुक बताई जा रही है और उसका इलाज चल रहा है।
सूचना मिलने पर उच्च अधिकारियों ने मामले का संज्ञान लिया। डीआईजी के निर्देश पर एसओ भावनपुर को निलंबित कर दिया गया है। साथ ही एक दरोगा और दो अन्य पुलिसकर्मियों के खिलाफ मुकदमा दर्ज कर जांच शुरू कर दी गई है।