विकास और कामकाज के आधार पर लड़ेगी चुनाव
मंत्रिमंडल विस्तार के बाद पहली बार कार्यकर्ताओं के बीच पहुंचे भूपेंद्र चौधरी ने कहा कि नए मंत्रियों के विभागों का बंटवारा जल्द किया जाएगा। आगामी विधानसभा चुनाव को लेकर उन्होंने कहा कि भाजपा सरकार के रिपोर्ट कार्ड और विकास कार्यों के आधार पर वर्ष 2027 के चुनाव में जनता के बीच जाएगी। इस चुनाव में मुख्य मुद्दा विकास और सरकार के कामकाज का लेखा-जोखा रहेगा।
कार्यशाला में बूथ प्रबंधन और संगठन पर चर्चा
कार्यशाला के अलग-अलग सत्रों में नेताओं ने चुनाव प्रबंधन के विभिन्न पहलुओं पर कार्यकर्ताओं को प्रशिक्षित किया। रेनू जोगी ने सांसद डॉ. लक्ष्मीकांत बाजपेयी का स्वागत किया।
सांसद लक्ष्मीकांत बाजपेयी ने बूथ प्रबंधन, मन की बात और संगठनात्मक कार्यक्रमों पर कहा कि प्रशिक्षण का उद्देश्य केवल जानकारी प्राप्त करना नहीं बल्कि उसे व्यवहार में उतारना है। उनका कहना था कि दायित्व हमेशा सक्षम कार्यकर्ता को ही दिया जाना चाहिए, तभी बूथ और चुनाव दोनों जीते जा सकते हैं।
गाजियाबाद विधायक संजीव शर्मा ने कार्यकर्ता विकास, अपेक्षा और दायित्व बोध पर विस्तार से चर्चा की। उन्होंने कहा कि भाजपा कार्यकर्ता को मृदुभाषी, सक्रिय और समाज के प्रति समर्पित होना चाहिए।
विपक्ष पर भी साधा निशाना
कार्यक्रम के दौरान भूपेंद्र चौधरी ने समाजवादी पार्टी के प्रवक्ता राजकुमार भाटी के बयान पर भी प्रतिक्रिया दी। उन्होंने कहा कि ऐसी मानसिकता समाज को जाति और भाषा के आधार पर बांटने का प्रयास करती है। उन्होंने कहा कि इस मामले में समाजवादी पार्टी के अध्यक्ष अखिलेश यादव को अपना दृष्टिकोण स्पष्ट करना चाहिए।
कार्यक्रम में महानगर अध्यक्ष विवेक रस्तोगी, कैंट विधायक अमित अग्रवाल, महापौर हरिकांत अहलूवालिया, विधान परिषद सदस्य धर्मेंद्र भारद्वाज, नूपुर जौहरी, विनीत अग्रवाल शारदा, वीनस शर्मा, मनोज पोसवाल, गजेंद्र शर्मा, अमित शर्मा, अंकुर राणा और ऋषभ सहित कई कार्यकर्ता मौजूद रहे। कार्यशाला के बाद कार्यकर्ताओं की ऑनलाइन परीक्षा भी कराई गई, जिसमें सफल होने वालों को प्रमाण पत्र प्रदान किए गए।