प्रियंका की उपलब्धियां
2024 के ओलंपिक खेलों में किया प्रतिभाग
2022 बर्मिंघम राष्ट्रमंडल खेलों में 10,000 मीटर पैदल चाल में रजत
2023 एशियाई एथलेटिक्स चैंपियनशिप बैंकॉक में 20000 मीटर पैदल चाल में रजत
प्रश्न: कॉमनवेल्थ गेम्स आपके लिए क्या मायने रखता है ?
प्रियंका : वर्ष 2022 के कॉमनवेल्थ गेम्स मेरे कॅरिअर का सबसे बड़ा टर्निंग पॉइंट था। जब मैंने फिनिश लाइन पार की, तो सिर्फ मुझे पदक नहीं मिला, बल्कि वर्षों की मेरी मेहनत सफल हुई। पोडियम पर खड़े होकर तिरंगे के सम्मान के साथ मेडल गले में पहनना मेरे जीवन का सबसे गर्व भरा पल था।
प्रश्न : आप लड़कियों के लिए प्रेरणा बन चुकी हैं। इस पर क्या कहना है ?
प्रियंका: जब छोटे शहरों या गांवों के बच्चे अंतरराष्ट्रीय स्तर पर पदक जीतते हैं, तो युवाओं का खेलों पर भरोसा बढ़ता है। आज मेरठ और मुजफ्फरनगर में कई लड़कियां एथलेटिक्स और रेस वॉकिंग की ओर आकर्षित हो रही हैं।
सफलता का संदेश : सफलता का कोई शॉर्टकट नहीं होता। अपनी मेहनत पर विश्वास रखें, अनुशासन अपनाएं और जब आप अपनी पूरी लगन से काम करते हैं, तो दुनिया की कोई भी ताकत आपको लक्ष्य तक पहुंचने से नहीं रोक सकती।