मेरठ। सूबेदार मेजर (सेवानिवृत्त) श्याम किशोर ने अपने बेटे मेजर गौरव अग्निहोत्री और परिवार पर लगे प्रताड़ना के आरोपों को मनगढ़ंत बताया। उन्होंने इस संबंध में लिखित बयान जारी किया।
श्याम किशोर शाहजहांपुर के कोना याकूबपुर निवासी हैं। उनका कहना है कि बेटे और परिवार ने कभी प्रणिता को प्रताड़ित नहीं किया। चार अप्रैल 2026 को मेजर गौरव ने मेरठ कोर्ट में प्रणिता वशिष्ठ को तलाक की सहमति दी थी। यह सहमति प्रणिता की स्वेच्छा और शर्तों पर मध्यस्थता से हुई थी। इसमें कोई दबाव या उत्पीड़न नहीं था। इसके बावजूद प्रणिता और उनके परिवार झूठे आरोप लगाकर उनकी छवि धूमिल कर रहे हैं।
बता दें कि शास्त्रीनगर निवासी सेवानिवृत्त जिला जज ज्ञानेंद्र कुमार शर्मा की बेटी प्रणिता की शादी आठ साल पहले मेजर गौरव से हुई थी। चार अप्रैल को तलाक के बाद प्रणिता के पिता उसे ढोल-नगाड़ों के साथ घर लाए थे। प्रणिता के परिजनों ने कहा कि बेटी का सम्मान ससुराल की प्रताड़ना सहने में नहीं है। प्रणिता ने ससुरालजनों पर मानसिक व शारीरिक शोषण का आरोप लगाया था।