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- जीआईसी में दस दिवसीय मंडल स्तरीय खादी प्रदर्शनी का शुभारंभ
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माई सिटी रिपोर्टर
मेरठ। उत्तर प्रदेश खादी एवं ग्रामोद्योग बोर्ड की ओर से राजकीय इंटर कॉलेज के मैदान में मंडल स्तरीय खादी एवं ग्रामोद्योग प्रदर्शनी शुरू हुई। इसमें खादी के धागों से रोजगार के अवसर बताए गए। इसके साथ ही स्वदेेशी उत्पादो का बाजार भी सजा। शनिवार को 10 दिवसीय प्रदर्शनी का शुभारंभ राज्यसभा सदस्य डॉ. लक्ष्मीकांत वाजपेयी, कैंट विधायक अमित अग्रवाल, विधान परिषद सदस्य धर्मेंद्र भारद्वाज, सिवाल खास विधायक गुलाम मोहम्मद और महापौर हरिकांत अहलूवालिया ने संयुक्त रूप से किया।
एमएलसी धर्मेंद्र भारद्वाज ने कहा कि ऐसे आयोजन स्थानीय कारीगरों, ग्रामीण उद्यमियों और लघु उद्योगों को नई पहचान एवं प्रोत्साहन प्रदान करते हैं। यह महोत्सव स्वदेशी, आत्मनिर्भरता एवं स्थानीय कारीगरों के हुनर को प्रोत्साहित करने की दिशा में एक सराहनीय पहल है। खादी केवल एक वस्त्र नहीं बल्कि भारत की समृद्ध सांस्कृतिक विरासत, स्वदेशी परंपरा और आत्मनिर्भर भारत के संकल्प का प्रतीक है। उन्होंने कहा प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में स्वदेशी उत्पादों को अपनाने और स्थानीय स्तर पर रोजगार के अवसर बढ़ाने पर विशेष जोर दिया जा रहा है।
विधायक अमित अग्रवाल ने कहा कि स्वदेशी उत्पादों को अपनाने से स्थानीय कारीगरों और छोटे उद्यमियों को प्रोत्साहन मिलता है। विधायक गुलाम मोहम्मद ने कहा, आज भी खादी देश की आत्मनिर्भरता और स्वदेशी भावना का प्रतीक है। सीडीओ नूपुर गोयल ने अतिथियों का खादी का पटका पहनाकर स्वागत किया। परिक्षेत्रीय ग्रामोद्योग अधिकारी मान्या चतुर्वेदी ने अतिथियों को चरखे के स्मृति चिह्न भेंट किए। आरजी इंटर कॉलेज की छात्राओं ने सांस्कृतिक नृत्य प्रस्तुत किया। छात्राओं की ओर से स्वदेशी विषय पर नाट्य प्रस्तुति भी दी गई। महात्मा गांधी पुरस्कार योजना के अंतर्गत खादी एवं ग्रामोद्योग क्षेत्र में उत्कृष्ट कार्य करने वाली इकाइयों को पुरस्कृत किया गया।
ये लगाएं गए स्टॉल
प्रदर्शनी में प्रदेश के विभिन्न जिलों के साथ दूसरे राज्यों की इकाइयों ने भी अपने उत्पादों के स्टॉल लगाए हैं। रेशमी साड़ियां, कश्मीरी शॉल, क्रॉकरी और सूखे मेवे समेत कई उत्पाद आकर्षण का केंद्र हैं।
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