गुजरात के वडगाम से निर्दलीय विधायक जिग्नेश मेवाणी ने कहा कि देश भर में चलाया जा रहा दलित मूवमेंट किसी को विधायक या सांसद बनाने के लिए नहीं बल्कि समाज में फैली छुआछूत की बीमारी को जड़ से मिटाने के लिए है। उन्होंने भीम आर्मी प्रमुख चंद्रशेखर को अपना भाई बताते हुए कहा कि देश में नए विकल्प की जरूरत है। मोदी के खिलाफ एक मजबूत गठजोड़ बनाया जाएगा।
मंगलवार की शाम साढ़े पांच बजे जिग्नेश मेवाणी कार से अपने पांच साथियों के साथ छुटमलपुर की हरिजन कालोनी स्थित भीम आर्मी मुखिया चंद्रशेखर के निवास पर उनसे मिलने पहुंचे। मेवाणी ने सबसे पहले चंद्रशेखर की माता कमलेश देवी के पैर छूकर आशीर्वाद लिया। इसके बाद वे चंद्रशेखर से गले मिले और वहां इकट्ठा हुए समर्थकों के साथ सेल्फी भी खिंचवाई। इसके बाद वे चंद्रशेखर के साथ उनके आवास की दूसरी मंजिल पर चले गए। वहां अकेले में दोनों ने करीब आधा घंटा तक बातचीत की। इसके बाद पत्रकारों से बातचीत में जिग्नेश मेवाणी ने कहा कि देश में परिवर्तन की जरूरत है। परिवर्तन होना चाहिए जरूरी नहीं की परिवर्तन चुनाव लड़ कर ही हो। बसपा संस्थापक कांशीराम ने देश में जगह जगह घूम कर परिवर्तन ला दिया था। उन्होंने कहा कि हमें कांशीराम, बाबा साहेब भीमराव आंबेडकर एवं संविधान को पढ़ना होगा तथा अपने बच्चों को पढ़ाना होगा।