मां के चांटा मारने से क्षुब्ध होकर 15 वर्षीय किशोरी छात्रा रविवार दोपहर करीब 80 फीट ऊंची पानी की टंकी पर जा चढ़ी। दरअसल मां ने बेटी को फोन पर बात करते देख लिया था। डांट फटकार पर छात्रा गुस्से में घर से निकली और कॉलोनी में ही टंकी पर चढ़ गई। लेकिन खुद को इतनी ऊंचाई पर देखकर सहम गई। मौके पर परिजनों के साथ सैकड़ों लोगों की भीड़ जमा हो गई। पुलिस और फायर ब्रिगेड भी पहुंच गई। करीब तीन घंटे की मशक्कत के बाद छात्रा को उतारा जा सका।
मामला पल्लवपुरम थाना क्षेत्र के पल्लवपुरम फेज-1 कॉलोनी का है। कक्षा आठ की यह छात्रा दोपहर करीब पौने दो बजे किसी लड़के से फोन पर बात कर रही थी। इस बीच उसकी मां ने फोन छीनकर उसे चांटा मार दिया था। जिससे गुस्सा होकर वह घर से निकल गई। करीब दो बजे वह कॉलोनी के अंतिम छोर पर पानी की टंकी पर जा चढ़ी। आसपास के लोगों ने इसकी सूचना छात्रा के परिजनों को दी तो हड़कंप मच गया। मौके पर पहुंची पल्लवपुरम पुुलिस ने पहले खुद ही छात्रा को उतारने का प्रयास किया। लेकिन बात नहीं बनी। बाद में फायर ब्रिगेड और एंबुलेंस को बुला लिया गया।
कूदने की दे दी धमकी
दमकल कर्मी जब छात्रा को उतारने के लिए टंकी पर चढ़ने लगे तो छात्रा ने कूदने की धमकी दे दी। जिसके बाद टंकी के नीचे जाल लगवाया गया। पुलिस और दमकल कर्मियों ने परिजनों की सहायता से छात्रा को भरोसा दिलाया कि कोई उसे कुछ नहीं कहेगा।
डीएम, एसएसपी ने दिए निर्देश
किशोरी छात्रा के पल्लवपुरम फेज-1 स्थित मधुर एंकलेव कॉलोनी की टंकी पर चढ़ने की सूचना डीएम समीर वर्मा और एसएसपी मंजिल सैनी को मिली तो उन्होंने थानाध्यक्ष को छात्रा को सकुशल टंकी से उतारकर परिजनों के सुपुर्द करने के निर्देश दिए। कहा कि पुलिस और दमकलकर्मी संयम बरतें। जल्दबाजी न करें। एसएसपी ने शहर से महिला पुलिसकर्मी भी भेजीं।
चढ़ तो गई, अब उतरूं कैसे
एसओ पल्लवपुरम दिलीप शर्मा के अनुसार छात्रा टंकी पर चढ़ तो गई थी। लेकिन डर की वजह से चुपचाप टंकी पर बैठी रही। जल्दबाजी और गुस्से में चढ़ने के बाद वह पूरी तरह से सहमी हुई थी। उसे खुद उतरते हुए डर लग रहा था। वह बार-बार ऊपर से नीचे देखकर अंदाजा लगा रही थी। टंकी के नीचे जाल दिखाकर उसे आश्वस्त किया गया। जिसके बाद पुलिस और दमकलकर्मियों ने टंकी पर चढ़कर उसे सकुशल उतारकर परिजनों के सुपुर्द कर दिया। पुलिस और फायर ब्रिगेड की टीम में एचसीपी विनोद कुमार, विवेक परवेंद्र, सुनीता, मेघा, एसआई उपेंद्र, अमित कुमार आदि का सहयोग रहा। थानाध्यक्ष के अनुसार मां ने थप्पड़ मार दिया था, जिससे गुस्सा होकर किशोरी छात्रा पानी की टंकी पर चढ़ गई थी। उसे सकुशल उतारकर अस्पताल भेज दिया गया था। बाद में परिजनों के सुपुर्द किया गया।