मेरठ। आईएमए कार्यकारिणी की शनिवार को घोषणा हो गई थी। मगर विवाद अभी खत्म नहीं हुआ है। आईएमए के सचिव रहे डॉ. अनिल नौसरान का कहना है कि वह पद नहीं छोड़ेंगे। जब तक संवैधानिक तरीके से चुनाव नहीं होता, वह सचिव बने रहेंगे। उन्होंने आईएमए के राष्ट्रीय और यूपी अध्यक्ष से इसकी शिकायत की है।
उन्होंने आरोप लगाया कि आईएमए के अध्यक्ष डॉ. नवीन शर्मा और डॉ. शिशिर जैन द्वारा गैरकानूनी तरीके से कार्यकारिणी गठित की गई है। उन्होंने रजिस्ट्रार सोसायटी कार्यालय में भी इसकी शिकायत की है, जिसका एक पत्र अध्यक्ष के पास पहुंच चुका है। पत्र में उनसे आरोपों के संबंध में 15 दिन में जवाब मांगा गया है। वहीं, अध्यक्ष रहे डॉ. नवीन शर्मा का कहना है कि डॉ. अनिल नौसरान के आरोप बेबुनियाद हैं। संवैधानिक तरीके से कार्यकारिणी का गठन हुआ है।