लॉकडाउन के कई माह बाद शासन ने पूरे समय और सभी व्यवस्थाओं के साथ ओपीडी खोलने के आदेश दिए हैं। बृहस्पतिवार को सभी सीएचसी और पीएचसी पर ओपीडी खुलीं। हालांकि अभी पूरे दिन में भी पहले के मुकाबले कम मरीज पहुंच रहे हैं। डॉक्टरों के मुताबिक ज्यादातर मरीज बुखार, खांसी-जुकाम केे आ रहे हैं।
सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र सरूरपुर और रोहटा में बृहस्पतिवार को कम संख्या में मरीज पहुंचे। सरूरपुर सीएचसी प्रभारी डॉ. ओपी जायसवाल ने बताया कि पहले औसतन रोजाना 150 से 200 मरीज पहुंचते थे। बृहस्पतिवार को 85 मरीज पूरे दिन में आए। रोहटा सीएचसी प्रभारी डॉ. अमर सिंह के मुताबिक पर्ची काउंटर पर विशेष सोशल डिस्टेंसिंग रखी गई। मरीजों को थर्मल स्क्रीनिंग, सैनिटाइज किया गया। रोहटा में 109 मरीज पहुंचे। परीक्षितगढ़ में सीएचसी पर 2 बजे तक चालू ओपीडी में 150 मरीजों के स्वास्थ्य को जांचा गया, पीएचसी तोफापुर में 35, पीएचसी अगवानपुर में 40, पीएचसी नवलसूरजपुर में 50 लोगों ने उपचार कराया। सीएचसी प्रभारी संदीप गौतम के मुताबिक सभी को दवाई दी गईं। खरखौदा सीएचसी प्रभारी डॉ. आरके सिरोहा के अनुसार एक जुलाई से लगातार ओपीडी चल रही है। डॉ. दिनेश, डॉ. शनि व डा. अमिता त्यागी ने 110 मरीज देखे। माछरा सीएचसी प्रभारी डॉ. आलोक नायक ने बताया कि सीएचसी आने वाले मरीजों को सुरक्षित रूप से उपचार दिया जा रहा है। अभी कुछ कर्मचारियों की ड्यूटी कोविड-19 में लगी है। उन्हें अलावा सभी ड्यूटी पर हैं।
35 मरीजों ने लगवाए एंटी रेबीज इंजेक्शन
सीएचसी सरधना में ओपीडी में काफी संख्या में मरीज पहुंचे। इनमें से कुछ ने एंटी रेबीज के इंजेक्शन लगवाए। सीएचसी प्रभारी डॉ. राजेश कुमार के मुताबिक सीएचसी में कुल 135 मरीज आए जिसमें 35 मरीजों को एंटी रेबीज इंजेक्शन लगाए गए। वहीं, अन्य मरीजों को दवा दी गई। बताया कि पहले के मुकाबले मरीज ज्यादा संख्या में पहुंचे।
जून से चल रही ओपीडी
सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र पर 344 मरीजों को देखकर दवाई दी गई। डॉक्टरों के मुताबिक 22 जून को शासन के निर्देश पर ओपीडी शुरू कर दी गई थी। डॉ. अनिल शर्मा, डॉ. कपिल धाम के मुताबिक बुखार, खांसी, जुकाम के ज्यादा मरीज आ रहे हैं। सीएचसी पर डॉ. टीपी सिंह, डॉ. अरुण कुमार, सीएचसी प्रभारी डॉ. सतीश भास्कर तथा महिला चिकित्सक डॉ. श्वेता चौहान ने मरीजों को देखा। हस्तिनापुर सीएचसी प्रभारी अंकुर त्यागी के मुताबिक सुबह 9 से 2 बजे तक मरीजों को देखा जा रहा है। बृहस्पतिवार को 145 मरीजों की जांच कर दवाईयां दी गईं। कुछ संदिग्ध मरीज मिलने पर उनकी सैंपलिंग कराई गई।
बहसूमा पीएचसी स्टाफ नर्स, वार्ड ब्वाय के हवाले
बहसूमा पीएचसी स्टाफ नर्स व वार्ड ब्वाय के सहारे चल रहा है। स्टाफ नर्स अनामिका के मुताबिक पीएचसी प्रभारी डॉ. रक्षित व लैब टेकभनीशियन नवीन कुमार की कोविड-19 में ड्यूटी लगी है। बागपत में जुड़े होने के चलते फार्मेसिस्ट विकास कुमार ने अभी जोइंन नहीं किया है। स्वास्थ्य केंद्र पर करीब 18 मरीज ही अस्पताल में दवाई लेने के लिए पहुंचे। अस्पताल में 100-105 मरीज तक पहुंच रहे थे। वहीं, इस संबंध में हस्तिनापुर सीएचसी प्रभारी त्यागी का कहना है कि सीएमओ के निर्देश पर कोरोना में ड्यूटी लगी हुई है।