वायरल ऑडियो में मानसी दे रही क्लीन चिट
आत्महत्या के बाद रात में मानसी और ललित भारद्वाज के बीच जो बात हुई, वह साफ बता रही है कि मानसी को पूरे मामले में ललित या जीएस सेठी से कोई शिकायत नहीं है। लेकिन बाद में ऐसा क्या हुआ कि वह इन दोनों के खिलाफ खड़ी हो गईं।
उठ रहे सवाल
इस पूरे मामले पर जो सबसे अहम सवाल उठ रहा है वह यह है कि हरिओम आनंद के पुत्र गौतम आनंद अभी तक चुप्पी साधे बैठे हैं। जबकि गौतम आनंद के शेयर जहां मानसी से कहीं बहुत ज्यादा हैं तो वह साल 2019 तक अस्पताल के बोर्ड ऑफ डायरेक्टर में भी शामिल रहे। फिर भी उनकी चुप्पी सभी को चौंका रही है।
दूसरा सवाल ये है कि मानसी आनंद आखिर लगातार बयान क्यों बदल रही हैं। इसके साथ ही जीएस सेठी को हरिओम आनंद द्वारा लिखा गया पत्र भी एक रहस्य बन गया है।
यह पत्र टाइप किया हुआ है, लेकिन जब पहले पत्र जारी हुआ तो उस पर न तो हरिओम आनंद के हस्ताक्षर हैं और न ही कोई तारीख है। इसके बाद जब एसएसपी आफिस में पत्र दाखिल हुआ तो उस पर हरिओम आनंद के हस्ताक्षर और तारीख दोनों दर्ज हैं। ऐसी तमाम बातें पूरे मामले को कहीं न कहीं उलझा रही हैं।