मेरठ। सावन के पहले सोमवार मौसम बदला-बदला रहा। आधे शहर में झमाझम तो आधे में बादल रिमझिम ही बरसे। करीब 20 मिनट की बारिश से शहर के कई इलाके जलमग्न हो गए। वहीं, बरसात के बाद धूप निकलने से उमस और ज्यादा बढ़ गई। मौसम विज्ञानियों के अनुसार 25 से 27 जुलाई के बीच अच्छी बारिश के आसार हैं।
मौसम में रोजाना उतार-चढ़ाव चल रहा है। कभी बादल छा रहे हैं तो कभी धूप निकलते ही मौसम साफ हो रहा है। सोमवार सुबह से ही मौसम गर्म रहा। उमस के बीच दोपहर करीब एक बजे काले बादल छाने के बाद तेज बारिश शुरू हो गई। बारिश का जोर शहर में दिल्ली रोड की तरफ आधे शहर में ज्यादा रहा, जबकि मेडिकल क्षेत्र में कहीं रिमझिम तो कहीं सूखा ही रहा। मोदीपुरम, दौराला, सकौती, लावड़ समेत देहात क्षेत्र में भी रिमझिम बारिश हुई। अधिकतम तापमान 34.2 व न्यूनतम तापमान 25.9 डिग्री सेल्सियस रिकॉर्ड किया गया। अधिकतम आर्र्दता 85 व न्यूनतम 69 दर्ज की गई। मौसम विज्ञान केंद्र पर बारिश 2 मिमी रिकॉर्ड की गई है।
बारिश ने खोली निगम की पोल
शहर के नाले 20 मिनट की बारिश भी नहीं झेल पाए। नाला सफाई की पोल भी खुलकर सामने आ गई। बागपत रोड मलियाना, ब्रह्मपुरी, खैरनगर, बच्चा पार्क, बुढ़ाना गेट, सूरजकुंड, जाकिर कॉलोनी, कंकरखेड़ा, गंगानगर आदि सभी इलाकों में नाले उफन गए। नगर निगम परिसर में भी जलभराव हो गया। नालों का पानी ओवर फ्लो होकर सड़कों पर आ गया। शहर के निचले इलाकों में तो हालात बदतर हो गए। बागपत रोड पर जलभराव के कारण यातायात प्रभावित हो गया। लोग घरों में कैद होने को मजबूर हो गए। बागपत रोड से देर शाम तक भी पानी नहीं उतर पाया। इसी प्रकार शहर के अन्य इलाकों का भी हाल रहा।
निचले इलाकों में हुआ जलभराव
नाला सफाई का ही नतीजा है कि बारिश के बाद ही पानी उतर गया। एक-दो निचले इलाके हो सकते हैं जहां पर जलभराव रहा हो। बागपत रोड पर नालों पर पक्के निर्माण किए गए हैं, जिससे नालों की सफाई नहीं हो पाती है। डॉ. गजेंद्र कुमार, नगर स्वास्थ्य अधिकारी
फिर जोर पकड़ेगा मानसून
अभी 25 से 27 जुलाई के बीच माध्यम बारिश की संभावना है। एक बार फिर से वेस्ट यूपी में मानसून जोर पकड़ सकता है। शहर में भी बारिश सामान्य से अभी तक कम ही हुई है। -डॉ. एन. सुभाष, मौसम वैज्ञानिक