उधर, मोहल्ला लहसवाड़ा में भारतीय सांस्कृतिक संगम एवं साहित्य संगम की शोकसभा में गीतकार नीरज को भावभीनी श्रद्धांजलि दी गई। समाजसेवी अशोक गुप्ता व लेखक कमल देवबंदी ने कहा कि नीरज के निधन को साहित्य जगत को अपूरणीय क्षति बताया है। उन्होंने कहा कि नीरज सदा लोगों के दिलों में रहेंगे। उनकी कमी हमेशा साहित्य जगत को खलती रहेगी। महताब आजाद व आदेश चौहान ने कहा कि नीरज ऐसे व्यक्ति थे जिन्हें शिक्षा और साहित्य के क्षेत्र में केंद्र सरकार ने कई बार सम्मानित किया है।
पंडित सतेंद्र शर्मा ने कहा कि गोपालदास नीरज काव्य जगत की एक ऐसी पहचान है जिन्हें काव्य जगत में कभी भुलाया नहीं जा सकेगा। शोकसभा में बलराज मलिक, शमीम किरतपुरी, डा. दिवाकर गर्ग, तनवीर अजमल, डा. सुधीर कोरी, अरशद सिद्दीकी, अंकित चौहान, सुहेल देवबंदी, पुनीत गर्ग, जसबीर मलिक आदि रहे।
शहर से लेकर देश तक की ताजा खबरें व वीडियो देखने लिए हमारे इस फेसबुक पेज को लाइक करें
https://www.facebook.com/AuNewsMeerut/