जनपद के एक लाख 71 हजार गैस उपभोक्ताओं की गैस सब्सिडी पर संकट के बादल छा गए हैं। इन उपभोक्ताओं ने अभी तक आधार लिंकअप नहीं कराया है। इस कारण पेट्रोलियम मंत्रालय ने उनकी सब्सिडी पर ब्र्रेक लगा दिया है। हालांकि सभी को तीन माह का समय भी दिया गया है। इस दौरान लिंकअप कराने वालों को सितंबर के बाद तीन माह की सब्सिडी एक साथ मिल पाएगी। जो लोग नहीं कराएंगे, उनको सब्सिडी छोड़ने वालों में भी शामिल किया जा सकता है।
जनपद में पांच लाख 80 हजार 58 गैस कनेक्शन हैं। जिनमें से मात्र चार लाख नौ हजार ने ही आधार लिंकअप कराए हुए हैं। बाकी सभी गैस उपभोक्ता अभी तक आधार को लेकर गंभीर नहीं हैं। पेट्रोलियम मंत्रालय ने सभी गैस कनेक्शनों को बैंकों से जोड़कर गैस सब्सिडी देनी शुरू की थी, लेकिन अब पेट्रोलियम मंत्रालय ने एक जुलाई से ऐसे सभी गैस कनेक्शनों की सब्सिडी पर रोक लगा दी है, जिनके आधार लिंकअप नहीं हैं। अगर इन उपभोक्ताओं ने तीन माह के भीतर आधार लिंकअप नहीं कराया तो गैस सब्सिडी से हाथ धोना पड़ेगा।
बैंक और एजेंसी पर देना होगा आधार
गैस उपभोक्ताओं को आधार लिंकअप कराने के लिए बैंक ही नहीं बल्कि गैस एजेंसी पर भी आधार जमा कराना होगा। जब तक दोनों जगह आधार लिंकअप नहीं होगा, तब तकसब्सिडी नहीं मिल सकेगी।
50 हजार ने छोड़ी गैस सब्सिडी
रिकॉर्ड के अनुसार अभी तक मेरठ के 50 हजार गैस उपभोक्ताओं ने सब्सिडी छोड़ी है। यह आंकड़ा इससे भी ऊपर जाने की उम्मीद जताई जा रही है। इसका लाभ कहीं न कहीं जनपद के गरीब परिवारों को ही मिलेगा।