बिजनौर बैराज से 12 हजार क्यूसेक पानी छोड़ा, सिंचाई विभाग कर रहा निगरानी
22 हजार क्यूसेक पहुंचा डिस्चार्ज
संवाद न्यूज एजेंसी
हस्तिनापुर। पहाड़ी क्षेत्रों में लगातार हो रही बारिश का असर अब गंगा के जलस्तर पर दिखाई देने लगा है। शनिवार को गंगा में पानी बढ़ने से बिजनौर बैराज से छोड़े जाने वाले पानी का डिस्चार्ज बढ़कर 22 हजार क्यूसेक पहुंच गया। हालांकि फिलहाल जलस्तर खतरे के निशान से काफी नीचे है, लेकिन बढ़ते जलप्रवाह ने गंगा किनारे बसे गांवों के लोगों की चिंता बढ़ा दी है।
बिजनौर बैराज पर तैनात अवर अभियंता घनश्याम दास ने बताया कि शनिवार शाम करीब आठ बजे बैराज से गंगा में छोड़े जाने वाले पानी का डिस्चार्ज 10 हजार क्यूसेक से बढ़कर 22 हजार क्यूसेक दर्ज किया गया। पहाड़ी क्षेत्रों में लगातार वर्षा होने के कारण आने वाले दिनों में जलस्तर में और वृद्धि की संभावना बनी हुई है। सिंचाई विभाग गंगा के जलस्तर पर लगातार निगरानी रखे है।
गंगा के जलस्तर में वृद्धि की सूचना मिलते ही तटीय क्षेत्रों के ग्रामीणों में सतर्कता बढ़ गई है। खासकर खादर क्षेत्र के गांवों के किसान अपने खेतों और पशुओं को लेकर चिंतित हैं। क्योंकि बरसात के दिनों में गंगा का बढ़ा हुआ जलस्तर काफी प्रभावित करता है। ग्रामीण, धर्मबीर, रमेश, सुंदर सिंह, ब्रजपाल प्रधान ने बताया कि यदि पहाड़ों में बारिश का सिलसिला जारी रहा तो गंगा के जलस्तर में आगे भी बढ़ोतरी हो सकती है। फिलहाल स्थिति सामान्य है