मखदूमपुर गंगा घाट पर आयोजित पांच दिवसीय मेले का उद्घाटन बृहस्पतिवार को डीएम और जिला पंचायत अध्यक्ष ने मां गंगा की पूजा कर किया। यहां उन्होंने लोगों से मेले को सफल बनाने की अपील की। उद्घाटन के साथ ही श्रद्धालु और दुकानदार पहुंचने शुरू हो गए।
वन आरक्षित क्षेत्र से गुजरने वाली गंगा के मखदूमपुर घाट पर प्रतिवर्ष मेले का आयोजन किया जाता है। कार्तिक पूर्णिमा के अवसर मेले में लाखों श्रद्धालुओं की सुविधाओं को ध्यान में रखकर जिला पंचायत व्यवस्था करती है। बृहस्पतिवार को जिला पंचायत अध्यक्ष सीमा प्रधान, डीएम बी. चंद्रकला ने मखदूमपुर गंगा घाट पर मेले का उद्घाटन किया। वहीं श्रद्धालुओं से गंगा को निर्मल बनाए रखने के लिए पॉलीथिन आदि का प्रयोग नहीं करने की सलाह दी। ग्राम इकवारा स्थित शिव मंदिर के पुजारी संतोष मालवीय ने हवन कराया। डीएम ने घाट पर श्रद्धालुओं से सफाई रखने और गहरे पानी में नहीं जाने की अपील की। जिला पंचायत अध्यक्ष सीमा प्रधान ने गंगा को स्वच्छ रखने और चेतावनी बोर्ड के आसपास स्नान नहीं करने की अपील की। इस मौके पर सपा नेता अतुल प्रधान, एसपी देहात प्रवीन रंजन, उपजिलाधिकारी अरविंद कुमार, अपर मुख्य अधिकारी शिशुपाल, जिला पंचायत सदस्य मनोज अधाना, रवींद्र चैधरी, सुबोध, अंजू तालियान आदि मौजूद रहे। वहीं गंगा का जलस्तर काफी कम होने से धारा गत वर्ष की अपेक्षा लगभग पांच सौ मीटर पूरब दिशा में पहुंच गई है। इससे श्रद्धालुओं को स्नान करने के लिए आगे जाना होगा। गंगा बैराज के अवर अभियंता मनोज का कहना है कि गंगा में इस समय मात्र 12 हजार क्यूसेक पानी चल रहा है। कुछ दिन पूर्व बैराज से यूजीसी नहर में पानी छोड़ा गया। जिससे गंगा के जलस्तर में कमी आई है।