मेरठ। 12साल पहले रिश्वत लेते रंगेहाथ पकड़े गए तत्कालीन सहायक व्यापार आयुक्त सोमनाथ यादव को न्यायालय ने दोषी पाते हुए चार साल की सजा सुनाई है। कोर्ट ने 10 हजार रुपये का जुर्माना भी लगाया है।
शिकायतकर्ता गोविंद शर्मा ने पुलिस सतर्कता अधिष्ठान आगरा को प्रार्थना पत्र दिया था। उसने बताया कि वह पालकी फार्मा आगरा रोड मथुरा का अधिकृत प्रतिनिधि है। तत्कालीन सहायक व्यापार आयुक्त मथुरा सोमनाथ यादव खंड दो ने फार्म 31 देने के एवज में चार हजार रुपये की रिश्वत मांगी थी। गोविंद शर्मा ने एंटी करप्शन विभाग में शिकायत की। एंटी करप्शन की टीम ने 30 मई 2007 को सोमनाथ यादव को चार हजार रुपये रिश्वत लेते रंगेहाथ दबोच लिया। यह केस विशेष न्यायाधीश भ्रष्टाचार निवारण मेरठ के न्यायालय में चला। सरकारी वकील विरेश त्यागी ने पूरन सिंह, योगेंद्र सिंह मलिक, दुर्गा शंकर मिश्र, कमलेश कुमार गोयल, गोविंद शर्मा, मानसिंह यादव सहित कई गवाह पेश किए। इनके बयानों के आधार पर विशेष न्यायाधीश भ्रष्टाचार निवारण पंकज मिश्र ने सोमनाथ यादव निवासी इटेली थाना बादशाहपुर जिला जौनपुर को सजा सुना दी।