जुलूसों और भीड़भाड़ वाले इलाकों की सीसीटीवी कैमरों से निगरानी होगी, वहीं ड्रोन से संवेदनशील क्षेत्रों पर विशेष नजर रखी जाएगी। मूर्ति विसर्जन वाले घाटों पर बैरिकेडिंग, चेतावनी बोर्ड और प्रकाश की पर्याप्त व्यवस्था की जा रही है। गोताखोर भी मौजूद रहेंगे। सोशल मीडिया पर भी निगरानी रखने के निर्देश दिए गए हैं।
गणेश मूर्ति विसर्जन पर सुरक्षा
गणेश मूर्ति विसर्जन के लिए रेंज के चारों जिलों में 1753 पुलिसकर्मी तैनात किए गए हैं। इनमें 6 एएसपी, 23 सीओ, 59 निरीक्षक, 318 दरोगा, 482 हेड कांस्टेबल, 530 कांस्टेबल, 335 होमगार्ड और पीआरडी जवान शामिल हैं। इसके अलावा 2 प्लाटून पीएसी भी लगाई गई है।
32 घाटों पर कुल 144 मूर्तियों का विसर्जन होगा। इनमें मेरठ के 7 घाटों पर 44, बुलंदशहर के 12 घाटों पर 32, बागपत के 10 घाटों पर 54 और हापुड़ के 3 घाटों पर 14 मूर्तियां विसर्जित की जाएंगी।
बारावफात पर सुरक्षा
बारावफात के अवसर पर 1672 पुलिसकर्मी तैनात रहेंगे। इस दौरान 35 जुलूस और 11 मजलिसें निकाली जाएंगी। मेरठ में 5 जुलूस और 6 मजलिस, बुलंदशहर में 28 जुलूस और 3 मजलिस, जबकि हापुड़ में 2 जुलूस और 2 मजलिस का आयोजन प्रस्तावित है। रेंज में 115 हॉटस्पॉट चिह्नित किए गए हैं। सुरक्षा व्यवस्था को 24 जोन और 81 सेक्टर में बांटा गया है।