शास्त्रीनगर सेक्टर-4 में रविवार दोपहर एक मकान के बाहर बखेड़ा हो गया। मकान मालकिन ने किराए पर रह रहीं दो युवतियों को कमरा खाली करने के लिए कहा तो युवतियों ने विरोध कर दिया। पुलिस बुलाने की बात पर दोनों ने अपने को कमरे में बंद कर लिया। करीब चार घंटे तक चले बखेड़े के बाद महिला एसओ ने किसी तरह युवतियों को बाहर निकाला।
बरनावा, बागपत निवासी दो युवतियों ने शास्त्रीनगर सेक्टर-4 में एक वृद्धा का मकान किराए पर लिया था। एक नवंबर 2016 को एक साल का एग्रीमेंट भी पूरा हो गया। दोनों युवतियों ने बताया कि वह एक कॉलेज में पढ़ाई करने के साथ दसवीं तक के बच्चों को ट्यूशन भी पढ़ाती हैं। वृद्धा ने कई बार अपना मकान खाली कराने की कोशिश की। लेकिन युवतियों ने विरोध कर दिया।
आसपास के लोगों का आरोप है कि मकान में बाहरी युवकों का आना-जाना लगा रहता है। जिससे पड़ोस के लोगों की बदनामी होती है। बाहरी लोगों ने यहां का माहौल बिगाड़ रखा है। वृद्धा की सूचना पर एसओ नौचंदी संजय तोमर मौके पर पहुंचे। युवतियों ने अंदर से कमरे का दरवाजा नहीं खोला। बाद में एसओ महिला थाना नेहा चौहान भी पहुंच गईं। पुलिस ने दोनों को समझाने की कोशिश की। लेकिन युवतियों ने गेट नहीं खोला। बाद में पुलिस ने दरवाजा तोड़ने की कोशिश की तो दोनों युवती बाहर निकलीं। पुलिस युवतियों को नौचंदी थाने ले गई और पूछताछ की। एसओ नौचंदी का कहना है कि कुछ लोगों ने पुलिस अधिकारियों को फोन कर सूचना दी थी कि एक मकान में सेक्स रैकेट चल रहा है। पुलिस ने जांच की तो मामला मकान खाली करने का निकला। दोनों युवतियां कमरा खाली नहीं करना चाहती थी। बाद में दोनों पक्षों ने थाने में लिखित में समझौता कर लिया।