लंबी दूरी की ट्रेनों में पैर रखने की जगह नहीं
मेरठ से प्रयागराज, लखनऊ, उत्तराखंड और जम्मू जाने वाली संगम एक्सप्रेस, नौचंदी एक्सप्रेस, देहरादून एक्सप्रेस, ऋषिकेश एक्सप्रेस और शालीमार एक्सप्रेस समेत लंबी दूरी की ट्रेनें यात्रियों से खचाखच भरी रहीं। आरक्षित टिकटों में लंबी प्रतीक्षा सूची होने के कारण यात्रियों को परेशानी उठानी पड़ रही है।
कई यात्री तत्काल टिकट लेने की कोशिश कर रहे हैं, जबकि जनरल कोचों में पैर रखने तक की जगह नहीं है। यात्रियों को खड़े होकर सफर करना पड़ रहा है। सिटी रेलवे स्टेशन अधीक्षक सुनील जैन ने बताया कि त्योहार के कारण सभी ट्रेनों में भारी भीड़ है। स्टेशन और ट्रेनों में सुरक्षा व्यवस्था के लिए आरपीएफ और जीआरपी मुस्तैद हैं।
बस अड्डों पर सीट के लिए मारामारी
भैंसाली और सोहराबगेट बस अड्डों पर भी यात्रियों की भारी भीड़ रही। बस पहुंचते ही सीट पाने के लिए यात्रियों में धक्का-मुक्की जैसे हालात बन रहे हैं। मेरठ के क्षेत्रीय प्रबंधक दीपक चौधरी ने बताया कि यात्रियों की सुविधा के लिए अतिरिक्त बसों की व्यवस्था की गई है। कर्मचारी भी मुस्तैद हैं, लेकिन भीड़ अधिक होने के कारण व्यवस्थाओं पर दबाव है।
शहर में सिटी ट्रांसपोर्ट की इलेक्ट्रिक बसों के फेरे भी बढ़ाए गए हैं, ताकि यात्रियों को आवागमन में सुविधा मिल सके।
नमो भारत और मेट्रो में भी बढ़ी भीड़
दिवाली पर घर जाने और शहर में आवाजाही करने वालों की भीड़ का असर नमो भारत रैपिड रेल और मेरठ मेट्रो पर भी दिखाई दिया। मेरठ से दिल्ली सराय काले खां के बीच चलने वाली नमो भारत रैपिड रेल में यात्रियों की भारी भीड़ रही। रिपोर्ट के अनुसार, करीब 50 प्रतिशत यात्रियों को खड़े होकर सफर करना पड़ रहा है।
वहीं, मोदीपुरम से मेरठ साउथ तक चलने वाली मेरठ मेट्रो के सभी स्टेशन भी यात्रियों की आवाजाही से गुलजार रहे। त्योहार के चलते सार्वजनिक परिवहन के सभी प्रमुख साधनों पर यात्रियों का दबाव बना हुआ है।