मेरठ जिला इन्वेस्टर्स समिट 20 जनवरी को आयोजित की जाएगी। समिट में फिशरी, फूड और टूरिज्म का भी आंकड़ा जुड़ेगा ऐसे में माना जा रहा है मेरठ में निवेश का आंकड़ा 10 हजार करोड़ के लक्ष्य तक पहुंच जाएगा। समिट की तैयारी के लिए वेदव्यासपुरी स्थित आईटी सेंटर में जिलाधिकारी दीपक मीणा की अध्यक्षता में बैठक आयोजित की गई।
बैठक में जिलाधिकारी दीपक मीणा ने बताया कि इन्वेस्टर्स समिट के माध्यम से इंडस्ट्रीयल शोकेस तैयार किया जाएगा। इसमें शहर के 250 उद्यमी निवेशक शामिल होंगे। स्पोर्ट्स, ब्रास, हैंडलूम, आभूषण सहित न्यू स्टार्ट अप के स्टॉल लगाए जाएंगे। पूरा आयोजन आईटी पार्क में आयोजित किया जाएगा। कार्यक्रम में उद्यमियों के साथ इंजीनियरिंग कॉलेज के फाइनल ईयर के छात्रों को प्रदेश सरकार की उद्यमियों के लिए चलाई जा रही पॉलिसी की जानकारी दी जाएगी। इस बीच में सेशन भी आयोजित किए जाएंगे।
आमंत्रित अतिथि फ्लिपकार्ट, स्टॉक एक्सचेंज और स्टॉर्ट अप के विषय में विस्तृत जानकारी देंगे। इन्वेस्टर्स समिट में इंजीनियरिंग कॉलेज के अंतिम वर्ष के छात्र भी अपने स्टॉल लगाएंगे। उद्योग विभाग के उपायुक्त दिपेंद्र कुमार ने बताया कि एमएसएमई में 4200 करोड़, लार्ज इंडस्ट्री में 3 हजार करोड़ से अधिक का आंकड़ा पार कर लिया गया है। समिट में फिशरी, फूड और टूरिज्म का भी आंकड़ा जुड़ेगा ऐसे में माना जा रहा है मेरठ में निवेश का आंकड़ा 10 हजार करोड़ के लक्ष्य तक पहुंच जाएगा।
बोम्बे बाजार स्थित वेस्टर्न यूपी चैंबर ऑफ कॉमर्स एंड इंडस्ट्री के अध्यक्ष डॉ. रामकुमार गुप्ता ने कि विभिन्न स्टॉर्ट अप के लिए प्रस्ताव बनाए जा रहे हैं जो समिट में प्रस्तुत किए जाएंगे। विश्वकर्मा इंडस्ट्रीयल एस्टेट अध्यक्ष कमल ठाकुर ने कहा कि मेरठ इन्वेस्टर्स समिट को एतिहासिक बनाया जाएगा।
अभी तक कोल्हू चलाने वाला या जिम संचालक जो छोटी पूंजी में कार्य कर रहे हैं। ऐसे भी लोग कार्यक्रम में शामिल हो सकते हैं। बैठक में आईआईए के चेयरमैन सुमनेश अग्रवाल, परतापुर इंडस्ट्रीयल एस्टेट से निपुन जैन, अश्वनी गुप्ता, सीडीओ शशांक चौधरी, नबार्ड से रचित उप्पल, यूपीएसईडीए के आरएम अनिल शर्मा, उपायुक्त उद्योग दिपेंद्र कुमार आदि मौजूद रहे।