सीआरपीएफ कमांडो की पत्नी की हालत बिगड़ी
- फोटो : अमर उजाला
मेरठ में मेडिकल थाना पुलिस द्वारा कमांडो सतेंद्र सिंह व उनके परिवार को पीटने के मामले में आरोपी दरोगा जितेंद्र कुमार छुट्टी पर भेज दिए गए हैं। वहीं, निलंबित चल रहे मेडिकल के दरोगा सुनील कुमार को जिले से बाहर ट्रांसफर करने की तैयारी है। वहीं पुलिस की पिटाई से घायल हुई कमांडो की पत्नी मंजू सांगवान की हालत बिगड़ गई है। उन्हें मेडिकल अस्पताल में भर्ती कराया गया है।
किठौली जानी निवासी सीआरपीएफ में हेड कांस्टेबल सतेंद्र सिंह के घर 21 अगस्त की रात मेडिकल थाने के दरोगा जितेंद्र कुमार व दरोगा सुनील कुमार ने एक दर्जन पुलिसकर्मियों के साथ मिलकर तोड़फोड़ की थी। कमांडो की पत्नी और बेटे से बुरी तरह मारपीट की गई थी। कमांडो को पीटकर हवालात में बंद कर दिया गया था। मोबाइल लूट समेत तीन मुकदमे दर्ज कर कमांडो को जेल भेज दिया था।
गृह मंत्रालय के संज्ञान लेने के बाद पुलिस अफसर शनिवार को बैकफुट पर आ गए थे। लूट की धारा हटाकर शनिवार रात कमांडो को जेल से रिहा कराया गया था। रविवार को कमांडो की पत्नी की हालत बिगड़ गई। पुलिस ने कमांडो की 70 वर्षीय मां संतोष से भी मारपीट की थी। सतेंद्र जम्मू कश्मीर के बारामूला में कमांडो तैनात हैं।
यह भी पढ़ें: यूपी पुलिस की गुंडई, सीआरपीएफ के कमांडो को बेरहमी से पीटा, घर में की तोड़फोड़
मेडिकल पर उठे सवाल
सुप्रीम कोर्ट के वरिष्ठ अधिवक्ता डॉ. संदीप पहल ने कहा कि कमांडो पर तीन मुकदमे दर्ज कर जेल भेजने में सिपाही से लेकर इंस्पेक्टर तक को बचाने की कोशिश की जा रही हैं। पुलिस ने जो मेडिकल परीक्षण कराया है उसमें शराब की पुष्टि होनी पुलिस ने गढ़ी है। मेडिकल रिपोर्ट पर सवाल हैं। उस पर कमांडो के हस्ताक्षर व अंगूठे का निशान नहीं है। कमांडो की माता ने एसएसपी, सांसद राजेंद्र अग्रवाल से आरोपी पुलिसकर्मियों पर कार्रवाई की मांग की। लेकिन एसएसपी ने शिकायती पत्र नहीं लिया। सांसद ने भी मदद नहीं की। संदीप पहल के अनुसार मेडिकल थाने के इंस्पेक्टर प्रशांत मिश्र, एसएसआई पिंकी देशवाल, दरोगा सुनील, दरोगा जितेंद्र के खिलाफ कोर्ट के आदेश पर मुकदमा कराया जाएगा।