फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

गुंडागर्दी में शामिल तीन आरोपी गिरफ्तार, सांप्रदायिक तनाव

Mon, 25 Mar 2019 03:22 AM IST
Gaurav sharma न्यूज डेस्क, अमर उजाला, मेरठ
विज्ञापन
अपराध - फोटो : अमर उजाला
विज्ञापन
 किठौर में कन्या पाठशाला की छात्रा से गुंडागर्दी के मामले में पुलिस ने मुख्य आरोपी गौरव उर्फ गोल्डी को रविवार को कोर्ट में पेश कर जेल भेज दिया। वहीं, वीडियो में शामिल तीन अन्य आरोपियों फिरोज, सजर और तालिब निवासी किठौर को भी गिरफ्तार कर लिया गया। मामला दो समुदाय से जुड़ा होने के कारण तनाव की स्थिति बनी है। पूरे मामले में किठौर पुलिस की भूमिका संदिग्ध है।
विज्ञापन

पुलिस के अनुसार 28 फरवरी को परीक्षा खत्म होने के आरोपी गौरव उर्फ गोल्डी ने छात्रा को बुलाया था। स्कूल में पहले से ही गौरव उर्फ गोल्डी ने छात्रा से छेड़छाड़ करते हुए सारी हदें पार कर दीं। जिसके बाद आरोपी गौरव जबरन छात्रा को खींचकर स्कूल के पीछे की तरफ ले जाने लगा। छात्रा ने शोर मचाने की कोशिश की तो आरोपी छात्रा का मुंह दबाकर लगातार उसे धमकी देता रहा। वहीं, स्कूल से करीब 100 मीटर की दूरी पर दूसरे समुदाय के कुछ युवक क्रिकेट खेल रहे थे। इस बीच गेंद स्कूल परिसर के पीछे पहुंचने पर वहां तालिब, सजर और फिरोज भी पहुंच गए थे।
वीडियो बनाई, किया पीछा
पूछताछ में सामने आया कि जब गौरव उर्फ गोल्डी छात्रा के पैर पर अपना पैर रखकर उसे परेशान कर रहा था तो पीड़िता उससे छूटने की कोशिश करती रही। लेकिन वह नहीं माना। वहीं सजर अपने मोबाइल से चुपचाप वीडियो बनाता रहा। बाद में छात्रा की नजर सजर पर पडी तो वह वहां से भागने लगी। तभी तालिब ने छात्रा को पकड़ लिया। दावा है कि गोल्डी ने छात्रा को वहां से निकाला, जिसका तीनों आरोपियों ने विरोध किया। जिससे साफ है कि आरोपियों के इरादे खतरनाक थे। अगर छात्रा वहां से न भागती तो बड़ी घटना घट सकती थी। पूछताछ में आरोपियों ने बताया कि सजर ने किठौर के एक ग्रुप पर वीडियो वायरल कर दी।  जो पुलिस तक पहुंच गई थी। लेकिन इंस्पेक्टर किठौर पूरे प्रकरण को दबाने में लगे रहे।  वहीं, घटना के बाद छात्रा के परिजनों ने गौरव को बुलाकर उसकी पड़ोस के ही एक युवक के साथ मिलकर पिटाई कर दी। पुलिस के डर से गोल्डी फरार हो गया। पुलिस ने बताया कि मुख्य आरोपी गोल्डी केवल तालिब को ही जानता था। अखबार में छपी आरोपियों की तस्वीरों के बाद लोगों ने तीनों आरोपियों की पहचान की। सजर ने बताया कि उन्होंने छात्रा की रेकी की थी। वह छात्रा का अपहरण करने की कोेशिश में थे। क्योंकि छात्रा स्कूल ड्रेस में थी। छात्रा के घर तक भी वह पहुंच गए थे।
विज्ञापन

लखनऊ तक गूंजा मामला
छात्रा से सरेआम गुंडागर्दी और वीडियो वायरल होने के मामले को किठौर पुलिस चार दिन तक दबाने में लगी रही। अब आरोपियों को गिरफ्तार किया तो किसी भी आरोपी का मोबाइल बरामद नहीं किया। जबकि वीडियो में साफ होने के बावजूद आरोपियों पर अपहरण की धारा भी नहीं लगाई। अब यह मामला लखनऊ तक गूंज गया है। किठौर इंस्पेक्टर प्रेमचंद शर्मा पहले भी विवादों में रहे हैं। एक साल पहले सिवालखास में मिलावटी डीजल और पेट्रोल की बिक्री को लेकर शिकायत और अवैध भंडारण के चलते एक घर में आग लगने से तीन लोगों की मौत हो गई थी। लेकिन कोई कार्रवाई नहीं हुई। सीओ और एसपी देहात की रिपोर्ट पर भी इंस्पेक्टर भारी पड़े। बाद में एक किशोरी की हत्या में आरोपियों को थाने से छोड़ने में भी चर्चाओं में रहे।  किठौर, शौल्दा, माछरा आदि कई गांवों के पास छात्राओं से गुंडागर्दी आम बात है। लेकिन कार्रवाई नहीं होती। कन्या इंटर कॉलिज में मनचलों द्वारा स्कूल परिसर में गुंडागर्दी की कई वार प्रधानाचार्य तथा प्रबंधक शिकायत कर चुके है। लेकिन किठौर में एक बार भी सख्त अभियान नहीं चलाया गया।

पिता ने कार्रवाई से किया था इंकार
वीडियो वायरल होने के बाद छात्रा के पिता ने खुद थाने में कहा था कि यदि पुलिस ने कोई कार्रवाई की तो उनकी बेटी आत्महत्या कर लेगी। इस मामले में परिजन लगातार छात्रा पर नजर रखे हुए थे। बाद में पुलिस ने कार्रवाई की। -अविनाश पांडेय, एसपी देहात
ऐसी घटना बर्दाश्त नहीं होगी
चार आरोपी गिरफ्तार किए हैं। अन्य आरोपियों की तलाश में दबिश दी जा रही है। आरोपियों पर कड़ी कार्रवाई की जा रही है। इस तरह की घटना बर्दाश्त नहीं की जाएगी। -नितिन तिवारी, एसएसपी

विज्ञापन
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें