जिला अस्पताल के एसआईसी डा. पीके बंसल की डायलिसिस विभाग की एक महिला कर्मचारी से किसी बात पर झड़प हो गई। बहस बढ़ती चली गई और डा. पीके बंसल ने उस पर हाथ उठा दिया। इतना ही नहीं, महिला का मुंह भी अपने हाथ से दबोच लिया और तू-तड़ाक करते हुए खरी-खोटी सुनाई, गाली भी दी। हालांकि महिला भी बराबर जवाब दे रही थी। यह वीडियो वायरल होने पर स्वास्थ्य विभाग में हड़कंप मच गया है और चर्चाओं का बाजार गर्म है।
ये है पूरा मामला
वायरल वीडियो में डा. पीके बंसल पहले महिला कर्मचारी को डांट रहे हैं। महिला भी उन्हें बराबर जवाब दे रही है। इसके बाद पीके बंसल महिला कर्मचारी को लिमिट में रहने की हिदायत देते हैं। महिला भी पीके बंसल को लिमिट क्रॉस न करने को कहती है। इस पर कुर्सी पर बैठे पीके बंसल कहते हैं कि मारूंगा एक खींचके। महिला कहती है हुंह... मारेगा खींचके। पीके बंसल चिल्लाते हुए कहते हैं चुप हो जा...। महिला कर्मचारी कहती है यू शटअप। महिला फोन पर किसी से बात करने लगती है, तो पीके बंसल उसकी वीडियो बनाते हुए कुर्सी से खड़े होकर उसके पास आ जाते हैं। इस पर महिला हाथ मारकर पीके बंसल का फोन गिरा देती है। इससे गुस्साए बंसल महिला पर हाथ उठा देते हैं, हालांकि महिला बच जाती है। इसके बाद पीके बंसल अपने हाथ से महिला का मुंह दबोच लेते हैं और चुप रहने को कहते हैं।
महिला बोली, पीके बंसल ने मांगी माफी, मामला खत्म
इस संबंध में जब महिला कर्मचारी से बात की गई तो उन्होंने बताया कि वह अपने स्टाफ के साथ मीटिंग कर रही थीं। तभी अचानक डा. पीके बंसल आए और मोबाइल से वीडियो बनाने लगे। उन्होंने अभद्रता की। बाकी जो कुछ हुआ, वीडियो में दिख रहा है। मैंने 100 नंबर कॉल कर पुलिस को इसकी सूचना दी। देहली गेट पुलिस मौके पर आई। इसके बाद डॉ. पीके बंसल ने लिखित में मुझसे माफी मांगी, जिसके बाद मामला खत्म हो गया। मैंने थाने में कोई तहरीर नहीं दी है।
गलतफहमी में हुआ विवाद, निपट गया: पीके बंसल
डा. पीके बंसल का कहना है कि गलतफहमी हो गई थी। मैं जब डायलिसिस यूनिट में गया तो मरीजों को छोड़कर महिला कर्मचारी और स्टाफ अंदर कमरे में बैठा था। मैंने इस पर ऐतराज जताया। मैंने उक्त कर्मचारी को नहीं, अन्य स्टाफ को डांटा था, लेकिन वे बीच में आ गईं। महिला कर्मचारी ने कहा कि यूनिट मेरे अंडर में आती है, आपके नहीं। इस पर बात बढ़ गई। मैंने अपनी गलती के लिए माफी मांगी है। मामला निपट गया है।