सिपाही के बेटे ने की आत्महत्या
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माधवपुरम में सोमवार सुबह सिपाही के बेटे ने तमंचे से खुद को गोली मार ली। कॉलेज न जाने पर पिता ने उसको डांट लगाई थी, जिस पर वह घर की दूसरी मंजिल पर गया और आत्महत्या कर ली।
बुलंदशहर के नरसेना गांव निवासी कांस्टेबल संजय कुमार टीपीनगर थाने में तैनात है। संजय अपने परिवार के साथ माधवपुरम सेक्टर-3 में रहता है। उसका बेटा मुद्रित बीसीए कर रहा है। सोमवार सुबह नौ बजे ड्यूटी करके संजय घर पहुंचा। बेटे मुद्रित उर्फ सोनू (21) को देखकर संजय को गुस्सा आ गया। संजय ने कॉलेज न जाने का कारण पूछा तो उसकी मां बोली कि वह कई दिन से कॉलेज नहीं गया है। इस पर संजय ने बेटे को डांट दिया। इससे नाराज मुद्रित घर की ऊपरी मंजिल में बने कमरे में गया और कनपटी पर तमंचा से गोली मार ली।
पुलिस अफसर पहुंचे
सूचना पर एसपी सिटी ओपी यादव, सीओ ब्रह्मपुरी धर्मेंद्र चौहान और इंस्पेक्टर ब्रह्मपुरी राजेश भारती पुलिस टीम के साथ मौके पर पहुंचे। पुलिस ने शव को पोस्टमार्टम के लिए भेजा। मुद्रित की मौत की सूचना पर आसपास के लोगों की भीड़ लगा गई। वहीं बेटे का शव देख मां बेहोश हो गई।
काश मैं न डांटता
कांस्टेबल बार बार खुद को कोस रहा था। वह बार-बार कह रहा था कि काश मैं बेटे को न डांटता तो वह ऐसा कदम न उठाता। कांस्टेबल का बड़ा बेटा गुड़गांव में जॉब करता है। भाई की मौत की खबर लगते ही वह भी शाम को घर पहुंच गया।
कहां से आया तमंचा?
मुद्रित ने तमंचे से गोली मारी है। बड़ा सवाल उठता है कि आखिर सिपाही के घर पर तमंचा कहां से आ गया। इसको लेकर भी काफी चर्चा थी। हालांकि कुछ लोगों ने बताया कि मुद्रित कुछ दिनों से गलत संगत में पड़ गया था। वह खुद ही कहीं से तमंचा लाया होगा। इंस्पेक्टर ब्रह्मपुरी राजेश भारती ने बताया कि गोली तमंचे से मारी या किसी ओर से इसका खुलासा पोस्टमार्टम रिपोर्ट में होगा।