एसएसपी के अनुसार मुकेश शराब पीने का आदि था। उसके पिता की काफी समय पहले मौत गई थी। कुछ दिन पूर्व मुकेश ने शराब पीकर अपनी मां ऊषा के साथ मारपीट की थी। दो साल पूर्व जब मुकेश के घर निर्माण कार्य चल रहा था तो नौशाद अपने स्कूटर रेहड़े पर सेनेटरी का सामान लाता था। इस दौरान उसकी मुकेश की मां से दोस्ती हो गई। इसके बाद नौशाद उनके घर आने-जाने लगा। मुकेश दोनों की दोस्ती का विरोध करता था। इस पर मां ऊषा ने नौशाद के साथ मिलकर बेटे की हत्या की प्लानिंग की। नौशाद ने अपने दोस्त बिलाल को इसमें शामिल किया। ऊषा ने दोनों को 20 हजार सुपारी दी थी।
पहले पिलाई शराब, फिर घोंटा गला
पुलिस के मुताबिक 20 मई को ऊषा ने नौशाद और बिलाल को अपने घर बुलाकर बताया कि मुकेश बागपत अड्डे पर गया है। इसके बाद दोनों बागपत अड्डे पर चले गए मुकेश को लेकर एक मॉडल शॉप पहुंचे। जहां उन्होंने मुकेश को शराब पिलाई। इसके बाद और शराब लेकर मुकेश को खरखौदा के उलधन व सरावा गांव के पास खेतों में ले गए। वहां भी उसे खूब शराब पिलाई। मुकेश नशे में धुत हो गया तो दोनों ने उसकी हत्या की कोशिश की, लेकिन ग्रामीणों की हलचल देख वे सफल नहीं हुए। इसके बाद वे मुकेश को बाइक से नरहाड़ा के एक नलकूप पर ले गए जहां दोनों ने रस्सी से गला घोंटकर उसकी हत्या कर दी।
पहले भी बहता रहा है अपनों का खून
इससे पहले भी ऐसी कई घटनाएं हो चुकी हैं, जिसमें अपनों ने ही अपनों का खून बहाया है। कहीं पिता ने बेटी की हत्या कर दी, तो कहीं बेटे ने पिता को मौत को घाट उतार दिया।
पांच साल पहले शास्त्रीनगर में इंजीनियर ने अपनी 20 वर्षीय बेटी की पानी के टब में डुबोकर हत्या की।
तीन साल पहले कसेरूबक्सर में महिला ने प्रेमी के साथ मिलकर पति की हत्या कर शव को मकान में ही दबा दिया।
दो साल पहले टीपीनगर में महिला ने पति की हत्या की।
एक साल पहले परीक्षितगढ़ में युवक ने अवैध संबंधों के शक में पत्नी की हत्या की।
एक साल पहले गढ़ रोड पर दो बेटियों ने अपने पिता की हथोड़े से पीटकर हत्या की।
किठौर में छह माह पहले अपने भाई को फंसाने के लिए पिता ने बेटे की हत्या की।
शहर से लेकर देश तक की ताजा खबरें व वीडियो देखने लिए हमारे इस फेसबुक पेज को लाइक करें
https://www.facebook.com/AuNewsMeerut/