फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

पुलिस के पहरे में गुड्डन के हत्यारोपी का सरेंडर

Wed, 11 Nov 2015 01:25 AM IST
ब्यूरो/अमर उजाला मेरठ
विज्ञापन
विज्ञापन
प्रधानी के दावेदार और सपा जिला महासचिव मेघराज यादव के भतीजे गुड्डन यादव का हत्यारोपी आनंद यादव मंगलवार को पुलिस को चकमा देकर सीजेएम कोर्ट में आत्मसमर्पण कर गया।
विज्ञापन


हत्यारोपी को गिरफ्तार करने में नाकाम रही पुलिस के पास पक्की सूचना थी कि आनंद कोर्ट में सरेंडर करने आ रहा है। जिसके लिए कचहरी के अंदर-बाहर कड़ा पहरा लगाया गया। लेकिन आनंद वेश बदलकर पहरे को धता बताते हुए कोर्ट तक पहुंच गया। प्रभारी सीजेएम संजय सिंह ने हत्यारोपी को न्यायिक हिरासत में जेल भेज दिया।

इंचौली के तोफापुर गांव निवासी प्रेम कुमार उर्फ गुड्डन यादव की विगत तीन नवंबर को दिनदहाड़े गोलियां बरसाकर हत्या कर दी गई थी। पुलिस के अनुसार हत्या की वजह वर्तमान ग्राम प्रधान ईश्वर यादव से चुनावी अदावत थी। ईश्वर ने जेल में ही हत्या की प्लानिंग की थी।
विज्ञापन


उसके इशारे पर आनंद यादव ने भाड़े के शूटरों के साथ हत्या को अंजाम दिया था। पुलिस मुख्य आरोपी आनंद की तलाश में ताबड़तोड़ दबिश देने के दावे कर रही थी। सोमवार को ही आनंद ने कोर्ट में सरेंडर अर्जी डाली थी। मंगलवार को उसका कोर्ट में सरेंडर होना तय था, इसकी जानकारी पुलिस को पहले से थी।

जिसके चलते मंगलवार सुबह से पूरी कचहरी को घेरते हुए सख्त पहरा लगाया गया था। लेकिन आनंद पुलिस की आंखों में धूल झोंककर वेश बदलकर कचहरी पहुंच गया और आसानी से सरेंडर कर दिया। आनंद को कोर्ट में देखकर पुलिस हाथ मलती रह गई।

पुलिस नहीं लेती सबक
इसे पुलिस अफसरों का बचकाना बयान ही कहा जाएगा कि आनंद वेश बदलकर आया था, इसलिए पुलिस उसे पहचान नहीं पाई। बता दें कि मुजफ्फरनगर कचहरी में इसी तरह वेश बदलकर पहुंचे सागर मलिक ने विक्की त्यागी की कस्टडी में ही हत्या कर दी थी। पुलिस ने इससे भी कोई सबक नहीं लिया।

अब रिमांड पर ले लेंगे
इंस्पेक्टर इंचौली योगेंद्र मलिक ने बताया कि अभी तक की जांच में गुड्डन की हत्या का कारण प्रधानी चुनाव की रंजिश आया है। हत्यारोपी आनंद को रिमांड पर लिया जाएगा। पूछताछ में हत्या का कारण स्पष्ट होगा। हत्या में प्रयुक्त हथियार और भाड़े के शूटरों की भी जानकारी लेना जरूरी है।

हत्यारोपी ने दी धमकी
पुलिस के मुताबिक हत्यारोपी आनंद ने कस्टडी में ही धमकी दी कि रिपोर्ट दर्ज करने वालों को मैं देख लूंगा। मुझको नामजद करते कोई फ्रिक नहीं थी, लेकिन मेरे बेकसूर पिता और अन्य लोगों को जेल भेजा जा रहा है।
विज्ञापन

विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें