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आईजी बोले, देश में ही छिपा है ISI का बड़ा एजेंट

Fri, 04 Dec 2015 08:02 AM IST
ब्यूरो/अमर उजाला, मेरठ
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पाक जासूस इजाज तो आईएसआई का मामूली चेला है। उससे ज्यादा खतरनाक तो देश में छिपे उसके उस्ताद हैं। देश में आईएसआई के बड़े मोहरे हैं। जो इजाज जैसे प्यादों के जरिये खतरनाक बिसात रच रहे हैं। देश भर की सुरक्षा एजेंसियों की पकड़ से ऐसे उस्ताद दूर हैं। पुलिस और जांच एजेंसियों की निगाहें इजाज जैसे जासूसों से ज्यादा उनके उस्तादों पर टिकी हैं।
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आईएसआई एजेंट इजाज से पूछताछ में जुटे तमाम अफसरों के पास फिलहाल एक ही सवाल है कि वह कितनी खतरनाक और गोपनीय जानकारी पाकिस्तान को भेज चुका है। आईएसआई ने इजाज के अलावा ओर कितने जासूस पाकिस्तान से भारत में भेजे है।

सदर बाजार थाने में बृहस्पतिवार दिन भर जांच एजेंसियों के अफसरों द्वारा पूछताछ के बाद आईजी जोन आलोक शर्मा ने इजाज को क्राइम ब्रांच ऑफिस में बुलवा लिया। जहां उससे करीब एक घंटा गहनता से पूछताछ की।
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आईजी जोन का कहना कि तमाम बिंदुओं पर जासूस से पूछताछ के बाद मालूम पड़ा है कि इजाज तो आईएसआई का मामूली प्यादा है। जोकि चंद रुपयों और गरीबी दूर करने के लिए आईएसआई का मोहरा बना है। इजाज जैसे जासूसों का उस्ताद तो कोई ओर है, जोकि भारत में छिपा हो सकता है। जिसका संबंध सीधा आईएसआई से होगा। जासूस का नेटवर्क कहां-कहां फैला है, इसको तलाश करना पुलिस के लिए बड़ी चुनौती है। इजाज का संपर्क बरेली और कलकत्ता में ज्यादा था। मेरठ में उसका संपर्क था या नहीं, इसका अभी तक जासूस ने खुलासा नहीं किया है।

अगले टारगेट पर सबकी निगाह
सेना और देश की सुरक्षा से जुड़ी गोपनीय जानकारियां जुटाकर पाक खुफिया एजेंसी आईएसआई भारत में पैर पसराना चाहती है। देशभर में अलग-अलग कोने से आईएसआई के जासूस पकड़े जा रहे हैं, जोकि भारत के लिए खतरनाक बन रहे हैं। आईएसआई का अगला टारगेट क्या है, इसका पता लगाने में तमाम जांच एजेंसियों की निगाह टिकी है। सभी इसका पता लगने के लिए इजाज से बार-बार यही सवाल कर रहे हैं।

जानकारी ही नहीं तो क्या खाक बताएगा
चंद रुपयों के बदले सूचना भेजने वाला इजाज आईएसआई का छोटा मोहरा है। दो दिन की पूछताछ में जांच एजेंसियां इसी नतीजे पर पहुंचीं हैं कि आईएसआई के बारे में इजाज को पता नहीं है। पूछताछ के दौरान एक अफसर ने जांच एजेंसियों के अफसरों के सामने कहा कि जब उसको (इजाज) जानकारी ही नहीं तो आईएसआई के बारे में क्या खाक बताएगा। हालांकि उसके बाद भी अफसर पूछताछ करने में जुटे रहे।

फर्जी दस्तावेजों का तोडे़ंगे नेटवर्क
आईजी जोन ने बताया कि जिस तरह से पूरे देश में फर्जी दस्तावेज बनाने का नेटवर्क काम कर रहा है, वह चिंता का विषय है। कोई भी व्यक्ति चंद रुपये का लालच देकर भारतीय होने का प्रमाण पत्र ले रहा है। और भारत की सुरक्षा के लिए खतरा बन रहा है। ऐसे नेटवर्क के खिलाफ बड़े पैमाने पर कार्रवाई कर इसे तोड़ा जाएगा।
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