सूबे में योगी सरकार बनने के बाद शुरुआती दिनों में सिस्टम पर असर साफ नजर आया, लेकिन इसके बाद दो साल के आंकड़ों को देखा जाए तो जनपद में अपराध कहीं भी थमता नहीं दिख रहा है। मुठभेड़ का ग्राफ जरूर बढ़ा, लेकिन अपराध नहीं घटे। एक बदमाश को पुलिस ने ढेर भी किया। छेड़छाड़ के आए दिन मामले सामने आते हैं, लेकिन हैरान कर देने वाली बात यह है कि पुलिस के एंटी रोमियो स्क्वॉड ने एक भी मामला नहीं पकड़ा है।
सरकार का सूबे में अपराध नियंत्रण का दावा हवाई दिख रहा है। जनपद में हत्या, डकैती, लूट का ग्राफ बढ़ा है। सूबे में योगी सरकार बनते ही जनपद बागपत में छेड़छाड़ के मामलों पर नियंत्रण करने के लिए 11 टीमों का गठन किया गया था। दो साल बाद भी पुलिस ने एक भी मामला नहीं पकड़ा। जबकि बड़ौत बेहद संवेदनशील जगह है और यहां आए दिन इस तरह के मामले सामने आते रहते हैं। ग्रामीण वीरपाल तोमर कहते हैं कि पुलिस को अपराध नियंत्रण पर अधिक काम करने की जरूरत है। अपराध का आंकड़ा कहीं भी कम नहीं हुआ है। आदित्य सोलंकी कहते हैं कि अपराध नहीं घटे हैं, सोशल मीडिया पर आपत्तिजनक चीजें वायरल होने लगी हैं।
वारदात 2017 2018 2019
लूट 42 40 06
हत्या 58 63 09
मुठभेड़ 13 23 11
डकैती 03 01 ---
गैंगस्टर 35 27 06