एक ही परिवार के पांच लोगों की मौत में क्राइम सीन बड़ा उलझा हुआ है। कुछ ऐसे सवाल हैं, जिनसे क्राइम सीन हत्या की तरफ इशारा करता है। फांसी पर लटकने से पहले हाथ की नस क्यों काटी, घर का सामान इधर-उधर क्यों बिखरा मिला, अगर पूरे परिवार ने योजनाबद्ध तरीके से आत्महत्या की तो ड्राइवर को रोजाना की तरह सुबह क्यों बुलाया। ये कुछ ऐसे सवाल हैं, पुलिस जिनके जवाब तलाशने में जुटी है।
व्यापारी विनीत अरोड़ा के मकान की पुलिस और फोरेंसिक टीम जांच-पड़ताल में जुटी है। आईजी जोन अजय आनंद और एसएसपी जे. रविंदर गौड़ ने खुद मौके पर पहुंचकर क्राइम सीन को देखा। घटनास्थल का मुआयना करने के बाद आईजी ने बताया कि प्रारंभिक जांच में मामला आत्महत्या का है। लेेकिन सवाल भी खड़ा कर दिया कि अभी जांच चल रही है। क्राइम सीन को देखने से लगता है कि परिवार ने पहले से आत्महत्या का प्लान बना लिया था। वजह यह कि जिस रस्सी पर चारों लोगों ने फांसी लगाई है, वह भी नई है।
बड़ा सवाल जो चर्चा में रहा, वह यही कि आत्महत्या से पहले परिवार के सदस्यों ने हाथ की नस क्यों काटी? दूसरा कारण यह है कि विनीत अधिकांश घर से ही व्यापार संचालित करते हुए माल भेजते थे। लेकिन, व्यापार से संबंधित सामान और कागजों को नहीं हटाया। सारा सामान अस्तव्यस्त मिला है। पुलिस के मुताबिक, अक्सर देखा जाता है कि आत्महत्या जैसा कदम उठाने से पहले व्यक्ति अपने करीबी रिश्तेदारों या फिर बिजनेस से जुड़े लोगों को कहीं न कहीं कुछ संकेत दे देता है। लेकिन, यहां ऐसी कोई बात सामने नहीं आई। पुलिस अफसरों का कहना है कि हम हर बिंदु पर बारीकी से जांच कर रहे हैं। उसके बाद ही कुछ स्पष्ट तौर पर कहा जा सकेगा।
फोरेंसिक टीम ने माना, मामला संदिग्ध
फोरेंसिक टीम के एक सदस्य ने बताया कि ऐसा बहुत कम देखा जाता है कि कोई आत्महत्या करने के लिए फांसी लगाए और उससे पहले हाथ की नस भी काट ले। हमने कई जगह से नमूने लिए हैं। जांच में सब स्पष्ट हो जाएगा। हालांकि प्रारंभिक जांच में मामला संदिग्ध है।