मेरठ। शहर के मुख्य बाजार में अर्से से सक्रिय ठग गिरोह ने बुधवार दिनदहाड़े काशीपुर के सराफ से जेवर समेत 10 लाख रुपये की ठगी कर ली। बदमाशों ने खुद को ड्रग इंस्पेक्टर बताकर यह घटना की। घटना के विरोध में सराफा व्यापारियों ने हंगामा किया।
काशीपुर के सराफ कृष्ण कुमार बुधवार को अपने नौकर के साथ शहर सराफा में जेवरों की मरम्मत कराने आए थे। सुबह करीब 11:45 बजे कार टाउन हॉल पार्किंग में खड़ी करने के बाद वे नौकर के साथ पैदल ही बाजार आ रहे थे। लाला का बाजार से नील गली की तरफ मुड़ते ही एक व्यक्ति ने नौकर को रोकते हुए कहा कि ड्रग इंस्पेक्टर साहब चेकिंग को बुला रहे हैं। नौकर बैग कृष्णकुमार को देकर उसके साथ चला गया। काफी देर बाद भी नौकर के न लौटने पर कृष्णकुमार खुद उस गली में पहुंचे तो वहां 5-6 व्यक्ति नौकर को घेरे खड़े थे। एक बदमाश ने खुद को ड्रग इंस्पेक्टर बताकर कृष्ण कुमार की भी तलाशी लेनी शुरू कर दी। इस बीच झांसा देते हुए बैग से जेवर और नकदी उड़ा ली। कुछ दूर चलने पर सराफ ने शक होने पर बैग देखा तो उसमें रखे करीब 250 ग्राम वजन के करीब आठ लाख के जेवर और दो लाख रुपये गायब थे।
सराफ के शोर मचाने पर सराफा बाजार व्यापारी एसोसिएशन के अध्यक्ष लोकेश अग्रवाल, महामंत्री दिनेश रस्तोगी आदि कई सराफ मौके पर पहुंचे। सूचना पर एसओ देहली गेट विजय गुप्ता पहुंचे तो व्यापारियों ने हंगामा कर दिया। व्यापार संघ के संरक्षक विपिन अग्रवाल ने पीड़ित सराफ को रिश्तेदार बताते कहा कि घटना के बाद कृष्णकुमार बहुत घबरा गए थे और तहरीर देकर वापस चले गए। वहीं, सीओ कोतवाली के अनुसार घटना का जल्द खुलासा होगा।
फुटेज में कैद हुआ एक युवक
पुलिस ने सीसीटीवी कैमरों की फुटेज चेक की तो उसमें सराफ के नौकर के कंधे पर हाथ रखकर बात करता एक युवक कैद हुआ है। यही युवक नौकर को तलाशी के लिए बुलाकर ले गया था। जिसकी पुलिस तलाश में है। हालांकि घटना को लेकर पुलिस को संदेह है। इन तथ्यों की पुष्टि पुलिस कर रही है।
‘कब तक लुटते रहेंगे व्यापारी’
व्यापारी नेता लोकेश अग्रवाल, दिनेश रस्तोगी आदि के नेतृत्व में सराफा व्यापारियों ने एसएसपी मंजिल सैनी से मिलकर घटना पर रोष जताया। व्यापारियों ने बताया कि इससे पहले बाजार में बरेली के सराफ मुकेश रस्तोगी से भी 20 लाख के जेवरों की ठगी हुई थी। बदमाशों ने खुद को क्राइम ब्र्रांच से बताकर तलाशी ली थी। वैली बाजार और बीआर स्टूडियो के सामने देहरादून के व्यापारी के साथ घटना हुई थी। बहुत से व्यापारी तो डर की वजह से मुकदमा तक दर्ज नहीं कराते। बाजार में लंबे समय से गैंग सक्रिय है। लेकिन पुलिस फुटेज मिलने के बाद भी कार्रवाई के बजाय हर घटना को फर्जी बताती है। यदि इसी तरह व्यापारी लुटते रहेंगे तो बाहर के व्यापारी यहां आना बंद कर देंगे। एसएसपी ने घटना को गंभीरता से लेकर खुलासा कराने का आश्वासन दिया।
खास बात
लाला का बाजार में नील गली के मोड़ पर बुधवार दिनदहाड़े हुई वारदात
काशीपुर का सराफ हुआ इस बार शिकार, व्यापारियों में आक्रोश, हंगामा