मेरठ। एनएएस कॉलेज के पूर्व छात्रसंघ अध्यक्ष तरुण मलिक को जेल भेजने पर बृहस्पतिवार को एबीवीपी के छात्र भड़क गए। पुलिस पर एकतरफा कार्रवाई और दरोगा पर आरोपियों से मिलीभगत करने का आरोप लगाकर हंगामा किया।
सिविल लाइन पुलिस ने बुधवार को तरुण मलिक को जेल भेजा था। आरोप था कि जानलेवा हमले के मुल्जिम की मुखबिरी से पुलिस ने तरुण को गिरफ्तार किया। तरुण पर एक तमंचा और चार कारतूस भी पुलिस ने फर्जी लगाए हैं। छात्रों का कहना कि शुक्रवार को छात्रसंघ चुनाव का मतदान होना है। उससे दो दिन पहले दूसरे पक्ष के छात्रों ने एक दरोगा से साठगांठ कर तरुण मलिक को जेल भिजवाया है।
जबकि दूसरे पक्ष राहुल मावी, सागर विकल, विनीत और अतुल मोतला पर भी जानलेवा हमले का मुकदमा दर्ज है। छात्रों ने आरोप लगाया कि तरुण की गिरफ्तारी के दौरान नामजद आरोपी कॉलेज में थे। लेकिन पुलिस ने उन्हें गिरफ्तार नहीं किया। दरोगा ने जातिवाद के चलते तरुण को जेल भेजा है। छात्रों ने दरोगा को सस्पेंड करने की मांग की। दिन भर एनएएस कॉलेज में पुलिस के खिलाफ छात्रों ने हंगामा किया। एसओ सिविल लाइन कमलेश शुक्ला का कहना है कि नामजद सभी आरोपियों को पुलिस जेल भेजेगी। पुलिस कोई पक्षपात नहीं करेगी। शांति पूर्वक छात्रसंघ चुनाव संपन्न कराया जाएगा।
खास बातें:
- एनएएस कॉलेज में दिनभर पुलिस के खिलाफ छात्रों का हंगामा
- दबाव में एकतरफा कार्रवाई करने का आरोप