मेरठ।
मेरठ परीक्षितगढ़ मार्ग स्थित गांव पचपेेड़ा के पास ज्ञानपुर मार्ग पर रविवार को मुर्गों की लड़ाई पर सट्टा लगाया जा रहा था। इस दौरान वहां कुछ लोगों के बीच मारपीट और फायरिंग हो गई। सूचना पर पुलिस पहुंची तो वहां भगदड़ मच गई। पुलिस ने घेराबंदी कर आठ सटोरियों के साथ 17 बाइक, 5 कार और सात मुर्गों को पकड़ा है।
भावनपुर थाना के गांव पचपेड़ा निवासी असलम का ज्ञानपुर मार्ग पर आम का बाग है। रविवार को वहां दर्जनों लोग मुर्गों की लड़ाई पर सट्टा लगा रहे थे। इसी बीच कुछ सटोरियों के बीच पैसे के विवाद को लेकर मारपीट और फायरिंग हो गई। सूचना पर थाना प्रभारी आशुतोष कुमार फोर्स के साथ मौके पर पहुंचे। पुलिस को देख सभी सटोरिए खेतों में भाग निकले। इस पर पुलिस ने घेराबंदी कर आठ लोगों को पकड़ा लिया। पुलिस के अनुसार पकड़े गए आरोपी दिल्ली के मुस्तफाबाद निवासी नईम पुत्र शफीक, मलियाना निवासी ज्योति पुुत्र जगदीश, बड़ा मवाना निवासी नबीहसन पुत्र आमीर, गंगानगर के रजपुरा निवासी संदीप पुत्र सीताराम, मलियाना निवासी ब्रह्मसिंह पुत्र टीका राम, जेई निवासी नदीम पुत्र साहिल और दो अन्य हैं। पुलिस ने बाग में खड़ी 17 बाइक और पांच लग्जरी कारों को कब्जे में लेकर सात मुर्गे पकड़ लिए।
बाग में लगा था मेला
सट्टा लगाने के दौरान आम के बाग में मेला लगा था। एक तरफ कुुछ दुकानदार बिरयानी की दुकान सजाएं बैठे थे तो वहीं दूसरी ओर कुछ दुकानदार परचून से संबंधित सामान लेकर बैठे थे। पुलिस ने कुछ आम के पेड़ों पर लटकी दीवार घड़ी भी बरामद की हैं। बताया जा रहा है कि मुर्गों की लड़ाई का समय होता है। पेड़ पर लगाई गई घड़ी में वक्त देखकर ही जीत हार का फैसला किया जाता है।
सिपाही पर उगाही का आरोप
कुछ लोगों ने बताया कि भावनपुर थाना से स्थानांतरित सिपाही कुछ समय पहले ही सट्टा लगाने वाले लोगों से पैसे लेकर गया था। इसके बावजूद पुलिस ने दबिश दे दी। उधर, एसओ भावनपुर आशुतोष कुमार ने बताया कि पकड़े गए सभी आरोपियों के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज कर ली गई है। साथ ही मौके से मिले वाहनों का चालान काटा जाएगा। मुर्गे पुलिस के पास ही हैं।