अमर उजाला ब्यूरो
कंकरखेड़ा। आर्मी पब्लिक स्कूल के छात्र का हाईवे पर कार सवार बदमाशों ने अपहरण कर लिया। बदमाश छात्र को बेहोश कर घंटों इधर-उधर घूमते रहे। रास्ते में बदमाशों ने उसे दूसरी कार में ले जाकर डिक्की में बंद कर दिया। इस बीच छात्र डिग्गी खोलकर वहां से भाग निकला। सूचना पर पहुंची पुलिस ने जानकारी ली। वहीं परिजनों ने तहरीर दी है। उधर, पुलिस मामले को संदिग्ध मान रही है।
सरधना रोड स्थित चंद्रपाल नगर निवासी राजन मित्तल पुत्र एचपी मित्तल की सुभाषपुरी में खल चूरी की दुकान है। राजन मित्तल संयुक्त व्यापार संघ उपाध्यक्ष और भाजपा नेता नीरज मित्तल के चचेरे भाई हैं। उन्होंने बताया कि उनका 18 वर्षीय बेटा रूपम मित्तल कैंट स्थित आर्मी पब्लिक स्कूल में कक्षा 12वीं में पढ़ता है। शनिवार को वह सुबह सात बजे अपनी पल्सर बाइक से ट्यूशन जा रहा था। सरधना फ्लाई ओवर के पास कार सवार चार नकाबपोश बदमाशों ने उसे रोक लिया और जबरन कार में बैठा लिया। इसके बाद उसे जबरन नशे की गोलियां खिलाकर बेहोश कर दिया। छात्र को जब होश आया तो उसने अपने आप को खिर्वा रोड स्थित केंद्रीय विहार कॉलोनी में पाया। जहां पर बदमाशों ने उसे दूसरी कार में ले जाकर उसकी डिक्की में बंद कर दिया। जैसे ही बदमाश खिर्वा चौपले के पास पहुंचे तो कार कुछ देर के लिए रुक गई। इस बीच छात्र डिक्की खोलकर भाग निकला।
इसके बाद वह एक परिचित व्यापारी की दुकान में घुस गया। जहां से उसने फोन कर घटना के बारे में अपने परिजनों को बताया। सूचना पर सब इंस्पेक्टर देवेंद्र शर्मा मौके पर पहुंचे और छात्र को थाने ले गए। परिजनों ने तहरीर दी है। वहीं इंस्पेक्टर दीपक शर्मा का कहना है कि मामला संदिग्ध लग रहा है। तहरीर के आधार पर जांच की जा रही है। केंद्रीय विहार कॉलोनी के गार्डों को पूछताछ के लिए हिरासत में लिया है। सीओ दौराला पंकज कुमार सिंह का कहना है कि मामले के खुलासे के लिए दो टीमों को लगाया गया है।
50 लाख की फिरौती की कर रहे थे बात
छात्र ने बताया कि जब बदमाशों ने उसका अपहरण किया तो उससे कहा कि अपने पिता से कितने रुपये दिलवा देगा। कम से कम 50 लाख रुपये तो मिल जाएंगे। इस पर छात्र ने कहा कि उसके पिता तो गरीब व्यक्ति हैं। 50 हजार रुपये ही दे पाएंगे। उसे जान से मत मारना। वहीं विधायक सत्य प्रकाश अग्रवाल व भाजपा नेता नीरज मित्तल दर्जनों कार्यकर्ताओं के साथ छात्र के घर पहुंचे और घटना की जानकारी ली।
इसलिए पुलिस मान रही संदिग्ध
मामले की विवेचना कर रहे सब इंस्पेक्टर देवेंद्र शर्मा के अनुसार छात्रा ने बताया कि वह ट्यूशन जा रहा था। जबकि उसकी शिक्षक शक्ति सिंह ने बताया कि कोचिंग की दो दिन की छुट्टी है। ये जानकारी रूपम को भी दी गई थी। ऐसे में सवाल उठता है कि छात्र झूठ बोलकर कहां जा रहा था। वहीं कासमपुर में कोचिंग सेंटर है तो फिर वह सरधना फ्लाई ओवर पर क्या करने गया छात्र। छात्र ने पहले बताया कि बदमाश तीन थे। बाद में बताया कि चार थे।
खास बात
हाईवे पर भाजपा नेता के भतीजे को कार सवार बदमाश ले गए थे
बेहोश कर घंटों तक घुमाते रहे, बाद में दूसरी कार में ले जाकर डिक्की में कर दिया बंद