गंगोह। पटना के जिला एवं सत्र न्यायालय में क्लर्क की नौकरी दिलाने का झांसा देकर 20 लाख रुपये से अधिक की ठगी का मामला सामने आया है। ग्राम चमनपुरा निवासी कंवरपाल की तहरीर पर कोतवाली गंगोह पुलिस ने देवबंद के गांव राजपुरा दूधली निवासी तीन आरोपियों के खिलाफ प्राथमिकी दर्ज कर जांच शुरू कर दी है। आरोपियों में शामिल एक युवक एयरफोर्स में है।
दर्ज कराई गई प्राथमिकी में पीड़ित ने बताया कि उसकी पहचान देवबंद के गांव राजपुरा दूधली निवासी ललित सैनी, रोहित सैनी और रवि सैनी से पहले से थी। वर्ष 2023 में आरोपियों ने उसके बेटे को जिला एवं सत्र न्यायालय पटना बिहार में क्लर्क की नौकरी दिलाने के लिए 20 लाख रुपये मांगे।
भरोसा जीतने के लिए तीस हजारी कोर्ट दिल्ली के एक कार्यालय आदेश के रूप में फर्जी नियुक्ति प्रस्ताव व दस्तावेज भी दिखाए। पीड़ित का कहना है कि आरोपियों की बातों में आकर उसने अलग-अलग तारीखों में कुल 20 लाख 35 हजार रुपये दे दिए। यह रकम पशु व आभूषण बेचकर जुटाई।
आरोप है कि आरोपियों ने उसके बेटे को पटना भेजकर कुछ समय तक निजी तौर पर काम कराया और बाद में स्थायी नियुक्ति का आश्वासन दिया। समय बीतने के बाद जब नौकरी नहीं मिली तो पीड़ित को ठगी का अहसास हुआ।
पंचायत में आरोपियों ने फर्जीवाड़ा स्वीकार करते हुए रुपये लौटाने की बात कही और किस्तों में करीब पांच लाख रुपये वापस भी किए, लेकिन शेष 15 लाख 35 हजार रुपये देने से इन्कार कर दिया। आरोप है कि रुपये मांगने पर जान से मारने की धमकी भी दी गई। रोहित सैनी एयर फोर्स में सर्विस करता है।