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17 करोड़ के जाली नोट मिले: आरबीआई की टीम खोलेगी सारे राज, आप भी इस तरह से कर सकते हैं असली-नकली नोट की पहचान

Wed, 02 Sep 2026 02:03 PM IST
Sharukh Khan अमर उजाला नेटवर्क, सहारनपुर

सार

सहारनपुर में आरबीआई की टीम ने करेंसी चेस्ट खंगाली। हरियाणा तक जांच पहुंच गई है। आरबीआई अफसरों ने करेंसी चेस्ट में अधिकारियों और कर्मचारियों से घंटों पूछताछ की। पुलिस टीम ने आरोपियों की गिरफ्तारी के लिए यमुनानगर और जगाधरी में दबिश भी दी।
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Saharanpur Fake currency - फोटो : अमर उजाला ग्राफिक्स
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विस्तार
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पंजाब नेशनल बैंक की करेंसी चेस्ट में 17 करोड़ के जाली नोट मामले में मंगलवार को आरबीआई की टीम भी पहुंच गई। टीम में शामिल अधिकारियों ने सोफिया मार्केट स्थित पीएनबी की करेंसी चेस्ट खंगाली। यहां एक-एक दस्तावेज को बारीकी से जांचा। इसके साथ ही अधिकारियों-कर्मचारियों से भी घंटों पूछताछ की। 
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वहीं, पुलिस ने गबन के आरोपियों की गिरफ्तारी के लिए हरियाणा में दबिश दी। पंजाब नेशनल बैंक की करेंसी चेस्ट में जाली नोटों का मामला तूल पकड़ता जा रहा है। मंगलवार सुबह आरबीआई के जोनल कार्यालय की टीम ने भी दस्तक दे दी है। टीम में करीब छह अधिकारी हैं, जो दो गाड़ियों से सहारनपुर पहुंचे। 

सबसे पहले गाड़ी सोफिया मार्केट स्थित पंजाब नेशनल बैंक की करेंसी चेस्ट पहुंची। टीम ने करेंसी चेस्ट में अब तक हुई नोटों की काउंटिंग के बारे में जाना। बंडल के दस्तावेज चेक किए गए। टीम ने यह भी देखा कि कौन-कौन से बंडल किस-किस बैंक शाखा से आए।
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इसके साथ ही टीम में शामिल अफसरों ने बैंक कर्मचारियों से भी पूछताछ की। टीम करीब चार घंटे तक करेंसी चेस्ट में रहीं। वहीं, इस मामले में पुलिस ने भी जांच का दायरा बढ़ा दिया है। कई टीमें गठित हैं, जो अलग-अलग बिंदु की जांच कर रही है।

उनमें से एक टीम ने हरियाणा के यमुनानगर, जगाधरी, अंबाला सहित कई जिलों में दबिश दी। क्योंकि, आरोपियों में दो बैंक प्रबंधक यमुनानगर जगाधरी के रहने वाले हैं। हालांकि, अभी तक पुलिस को कोई सफलता नहीं मिली है।
 

रोजाना विभिन्न शाखाओं से आता है एक से दो करोड़
जिले में पंजाब नेशनल बैंक की 72 शाखाएं हैं। इनकी करेंसी चेस्ट सोफिया मार्केट और गंगोह में हैं। इस समय सोफिया मार्केट की करेंसी चेस्ट बंद चल रही है। बताया जा रहा है कि जिले में पीएनबी की विभिन्न शाखाओं से करेंसी चेस्ट में करीब एक से दो करोड़ रुपये का कैश आता है। इसके अलावा आरबीआई से भी करेंसी आती है।

पुलिस ने बैंक और आसपास के सीसीटीवी खंगाले
पंजाब नेशनल बैंक की करेंसी चेस्ट में जाली नोट मिलने के मामले में पुलिस ने जांच तेज कर दी है। पुलिस टीम ने बैंक की करेंसी चेस्ट में लगे सीसीटीवी कैमरों की     फुटेज खंगाली है। इसके साथ ही बैंक के आसपास लगे अन्य कैमरों की रिकॉर्डिंग भी चेक की जा रही है, ताकि संदिग्ध गतिविधियों और आने-जाने वाले लोगों के बारे में जानकारी जुटाई जा सके।

 

जांच के दौरान पुलिस यह पता लगाने में जुटी है कि पिछले कुछ दिनों में करेंसी चेस्ट और बैंक परिसर में कौन-कौन लोग आए थे। बैंक में आने वाले कर्मचारियों, ग्राहकों और अन्य लोगों की गतिविधियों को भी सीसीटीवी फुटेज के जरिये खंगाला जा रहा है। पुलिस यह भी जानने का प्रयास कर रही है कि जाली नोट करेंसी चेस्ट तक किस स्तर पर और किस माध्यम से पहुंचे। 

सीसीटीवी फुटेज में सामने आने वाली संदिग्ध गतिविधियों को अन्य साक्ष्यों से मिलान किया जा रहा है। बैंक से संबंधित दस्तावेज और उपलब्ध रिकॉर्ड भी जांच के दायरे में लिए जा सकते हैं। पुलिस का फोकस जाली नोटों के स्रोत का पता लगाने के साथ ही यह जानने पर है कि इन्हें बैंक की करेंसी चेस्ट तक पहुंचाने में किसी व्यक्ति की भूमिका तो नहीं रही।

 

फिलहाल पुलिस ने जांच से जुड़े महत्वपूर्ण साक्ष्यों को जुटाना शुरू कर दिया है। अधिकारियों का कहना है कि सीसीटीवी फुटेज और अन्य साक्ष्यों के आधार पर जांच को आगे बढ़ाया जा रहा है। साक्ष्य सामने आने के बाद मामले में आगे की कार्रवाई की जाएगी।
 

इस तरह से कर सकते हैं असली नकली नोट की पहचान
पंजाब नेशनल बैंक की करेंसी चेस्ट में 500 के नकली नोट पाए जाने के बाद असली और नकली नोट की पहचान को जानना आवश्यक है। केंद्रीय बैंक द्वारा इसके संबंध में समय-समय पर दिशा निर्देश और पहचान संबंधी गाइडलाइन भी जारी की जाती है।

 

500 रुपये के असली नोट की पहचान उसके आकार, रंग और कई सुरक्षा विशेषताओं से की जा सकती है। आरबीआई की वेबसाइट पर जारी जानकारी के मुताबिक 500 रुपये के नोट का आकार 63×150 मिलीमीटर है और इसका रंग स्टोन ग्रे है। नोट के आगे के हिस्से के मध्य में महात्मा गांधी का चित्र है, जबकि पीछे लाल किले की तस्वीर दी गई है। 

 

लाल किले पर बना तिरंगा अपने वास्तविक रंगों में दिखाई देता है। नोट पर मूल्यवर्ग को देवनागरी और अंग्रेजी दोनों में दर्शाया गया है। वहीं नोट को रोशनी के सामने रखने पर निर्धारित स्थानों पर 500 अंक दिखाई देते हैं। नोट को आंखों के सामने करीब 45 डिग्री के कोण पर रखने पर भी कुछ सुरक्षा चिह्न नजर आते हैं।

 

नोट को हल्का मोड़ने पर सुरक्षा धागे का रंग हरे से नीला होता दिखाई देता है। यह असली नोट की प्रमुख सुरक्षा विशेषताओं में से एक है। नोट पर 500 रुपये का इलेक्ट्रोटाइप वॉटरमार्क, छपाई का वर्ष, स्वच्छ भारत का लोगो और स्लोगन भी अंकित होता है। 

 

नोट के मध्य की ओर भाषा पैनल दिया गया है। पीछे की तरफ भारतीय ध्वज के साथ लाल किले की तस्वीर और देवनागरी में 500 रुपये अंकित है। इनमें से प्रमुख सुरक्षा विशेषताएं न होने पर नोट संदिग्ध हो सकता है।

दृष्टिबाधित लोगों की सुविधा के लिए नोट पर उभरी हुई विशेष पहचान भी दी गई है। अशोक स्तंभ का प्रतीक, महात्मा गांधी का चित्र, ब्लीड लाइन और पहचान चिह्न खुरदरे रूप में मुद्रित किए गए हैं। इन्हें छूकर दृष्टिबाधित व्यक्ति नोट की पहचान कर सकते हैं।
 
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पीएनबी की करेंसी चेस्ट में जाली नोट मामले के आरोपियों की गिरफ्तारी के लिए टीमें दबिश दे रही है। एक टीम को हरियाणा के अलग-अलग जनपदों में भेजा गया है। जल्द ही आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया जाएगा।- व्योम बिंदल, एसपी सिटी
 
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