फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

मैं समझ रहा था सामान्य बुखार है..., कोरोना पाॅजिटिव ने लापरवाही पर जताया अफसोस, पुलिस ने स्पंज की एफआईआर

Mon, 30 Mar 2020 01:00 AM IST
Dimple Sirohi न्यूज डेस्क, अमर उजाला, मेरठ
विज्ञापन
लॉकडाउन मेरठ - फोटो : amar ujala
विज्ञापन
मेरठ में रविवार को कोरोना वायरस के आठ नए मामले सामने आए हैं। ये सभी कोरोना पाॅजिटिव महाराष्ट्र के अमरावती से मेरठ लौटे खुर्जा निवासी व्यक्ति के ही परिवार के हैं। उधर, पहले कोरोना पाॅजिटिव ने पुलिस पूछताछ में वायरस के लक्षणों के बारे में अनभिज्ञ होने पर अफसोस जताया है जिसके बाद पुलिस ने उसके खिलाफ दर्ज की गई एफआईआर को स्पंज (खारिज) कर दिया है।
विज्ञापन


मेरठ में एक ही दिन में आठ नए मामलों के बाद से स्वास्थ्य विभाग में खलबली मची हुई है। स्वास्थ्य विभाग की 600 टीमों को 24 शहरी स्वास्थ्य केंद्रों के क्षे़त्रों में सर्च अभियान चलाने के निर्देश दिए गए हैं। अभी तक 607 लोग स्वास्थ्य टीम की निगारानी में हैं जबकि 26 आइसोलेशन वार्ड में भर्ती हैं।
Trending Videos

पाॅजिटिव मरीज के खिलाफ जहां लापरवाही बरतने और पहले से जांच न कराने को लेकर नौचंदी थाने में रविवार दोपहर दर्ज की गई एफआईआर को खारिज कर दिया है। पुलिस के अनुसार उसके ठीक होने तक इस पर कोई कार्रवाई नहीं की जाएगी। वहीं आईसालेेशन वार्ड में भर्ती होने के बाद कोरोना पाॅजिटिव मरीज ने पूछताछ में स्वास्थ्य विभाग के अधिकारियों और पुलिस को पूरी कहानी बताई।

कोरोना वायरस की पुष्टि होने के बाद स्वास्थ्य विभाग के जिम्मेदारों ने व्यक्ति से पूछताछ की तो उसका कहना था कि उसे जरा भी जानकारी नहीं थी कि उसे कोरोना वायरस हो गया है। वह तो इसे सामान्य बुखार ही समझ रहा था।

इस मरीज ने कहा कि मैं जब महाराष्ट्र से मेरठ के लिए चला था तब तबीयत ठीक थी। यहां आने के बाद भी ठीक रहा। असल तबीयत 24 मार्च को खराब हुई। तब मुझे मेडिकल अस्पताल में भर्ती कराया गयाए जहां पता चला कि मुझे कोरोना वायरस है।
विज्ञापन

कोरोना वायरस के आइसोलेशनवार्ड में भर्ती इस मरीज ने बताया कि मेरी महाराष्ट्र में क्राॅकरी शाॅप है। वहां अक्सर आना-जाना रहता है। पता नहीं, मुझे कैसे यह बीमारी हो गई। यदि मुझे यह पता होता, तो मैं यहां आता ही नहीं। मेरी वहज से न जाने कितने लोग परेशान हुए होंगे। इसका मुझे अफसोस है।

सीएमओ डाॅ. राजकुमार ने लोगों से अपील की है कि यह मरीज जिन-जिन लोगों के संपर्क में रहा है जब तक स्वास्थ्य विभाग की टीम उन तक पहुंचे वह खुद को घर में ही आइसोलेट रखें। घर के बाहर कतई न निकलें। ऐसे लोग स्वास्थ्य विभाग की टीम से खुद भी संपर्क कर सकते हैं।

पुलिस पूछताछ में सामने आया कि मरीज ने जानबूझकर कोई बात नहीं छिपाई थी। जांच के बाद मरीज के खिलाफ मुकदमा स्पंज कर दिया गया है। अब मरीज के ठीक होने तक इस मामले में कोई कार्रवाई नहीं की जाएगी।
-डाॅ. एएन एसपी सिटी 

 
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें